हनुमानगढ़ के कॉलोनी में प्लॉट बेचने के नाम पर 12.50 लाख रुपये हड़पने का मामला सामने आया है। इस संबंध में एक महिला ने टाउन पुलिस थाने में कॉलोनाइजर और दो साझेदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया है। एसपी के आदेश पर दर्ज हुए मुकदमे में सुलोचना शर्मा पत्नी सत्यदेव शर्मा निवासी सेक्टर 3, मकान नंबर 476, टाउन ने बताया कि उसकी राजकुमार पुत्र बहादुर सिंह जाट निवासी जंक्शन के साथ जान-पहचान थी।
राजकुमार ने उसे बताया कि चक 14 एसएसडब्ल्यू में उसके मित्र कमलदीप सिंह पुत्र गुरमेल सिंह जटसिख निवासी चक ज्वाला सिंह वाला ने एमकेके एन्कलेव के नाम से कॉलोनी में प्लॉट काटे हैं और उसमें उसकी हिस्सेदारी है। इस कॉलोनी में प्लाट खरीदने का मौका है, जो भविष्य में उसके काम आएंगे। राजकुमार ने उसे कॉलोनी दिखाई और कहा कि कॉलोनी में पानी, बिजली व सीवरेज, सड़क आदि की व्यवस्था करवाकर देंगे। साथ ही कॉलोनी 90ए की कार्रवाई कर अप्रूव्ड करवाकर देंगे। इनके कहने पर उसने अपने भविष्य के लिए इस कॉलोनी में तीन प्लॉट खरीदने का सौदा कुल 27 लाख 37 हजार 600 रुपये में कर लिया। उसने कमलदीप को छह लाख 55 हजार रुपये 11 मार्च 2013 को नकद दे दिए। शेष रुपयों का भुगतान किश्तों में करना तय हुआ।
इसके बाद उसने 18 अप्रैल 2013 को दो लाख रुपये, 10 अक्तूबर 2013 को दो लाख रुपये और एक फरवरी 2014 को दो लाख रुपये देकर रसीद प्राप्त की। तीन-चार साल बाद तक भी बैनामा नहीं करवाने के चलते उसने किश्तों का भुगतान बंद कर दिया। बैनामा करवाने के लिए राजकुमार से कई बार कहा, लेकिन वह टालमटोल करता रहा।
अंत में राजकुमार ने कहा कि उसका व कमलदीप का आपसी विवाद चल रहा है। इसलिए वह उसके नाम बैनामा नहीं करवाएगा। जब विवाद समाप्त हो जाएगा तो वह उसका फाइनल बैनामा करवा देगा या फिर उसके 12 लाख 50 हजार रुपये वापस दे देगा। लेकिन इसके बाद भी न तो राजकुमार व कमलदीप ने बैनामा करवाया और न ही रुपये वापस लौटाए। पुलिस ने राजकुमार व कमलदीप के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में भादंसं की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है। जांच एएसआई सूरजभान कर रहे हैं।