मेड़ता के विधायक लक्ष्मणराम मेघवाल ने नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल की ओर से लगाए गए विभिन्न आरोपों का करारा जवाब दिया है। विधायक ने सांसद को सीधे चेतावनी देते हुए कहा कि गरीब किसान के बेटे से पंगा मत लीजिए, वरना राजस्थान विधानसभा और लोकसभा के चारों तरफ घूमते रहेंगे और अंदर प्रवेश नहीं कर पाएंगे। विधायक मेघवाल ने कहा कि पिछले ढाई साल के दौरान सांसद उनके खिलाफ एक भी आरोप साबित नहीं कर पाए हैं और बचे हुए ढाई साल में भी ऐसा नहीं कर सकेंगे।
अपने दम पर एक भी चुनाव नहीं जीता
विधायक मेघवाल ने कहा कि नागौर सांसद ने अपने दम पर एक भी चुनाव नहीं जीता है। उन्होंने एक चुनाव भारतीय जनता पार्टी और दूसरा चुनाव कांग्रेस के साथ गठबंधन के समर्थन से जीता। साथ ही, विधायक ने सांसद पर क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का श्रेय लेने का आरोप लगाया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सांसद को रात में सपने में भी लक्ष्मणराम मेघवाल ही दिखाई देते हैं। उन्होंने सलाह दी कि राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप लगाने के बजाय सांसद को अपने और अपने समर्थकों के कामकाज की ओर ध्यान देना चाहिए।
फसल बीमा मामले पर चुप्पी क्यों
विधायक मेघवाल ने सांसद पर चूना पत्थर पर हुई कार्रवाई, फसल बीमा और बजरी खनन के मामलों में मिलीभगत के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने सवाल उठाया कि जब खींवसर क्षेत्र में चूना पत्थर को लेकर बड़ी कार्रवाई हुई थी, तब सांसद ने चुप्पी क्यों साधी रखी। फसल बीमा पर बोलते हुए विधायक ने दावा किया कि इस मामले में सांसद का एक करीबी व्यक्ति भूमिगत है और पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही है। उन्होंने कहा कि एक महीने के दौरान सांसद ने इस संवेदनशील मुद्दे पर एक भी ट्वीट नहीं किया, जो इस मामले में उनकी संलिप्तता को उजागर करता है।
एसओजी जांच और अवैध बजरी खनन में मिलीभगत के आरोप
मेघवाल ने कहा कि फसल बीमा मामले में चार-पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। जब जांच पूरी गहराई तक पहुंचेगी, तो कोई भी दोषी व्यक्ति बच नहीं पाएगा। विधायक ने स्पष्ट आरोप लगाया कि अवैध बजरी खनन से जुड़े माफिया और लोग भी सांसद के साथ सीधे तौर पर जुड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि दूसरों पर उंगली उठाने से पहले सांसद को अपने आसपास के लोगों की गतिविधियों पर नजर डालनी चाहिए।