राजस्थान पुलिस की एक टीम टीवी पत्रकार अमन चोपड़ा की गिरफ्तारी को लेकर नोएडा में हैं। अलवर में मंदिर तोड़ने पर की गई मीडिया कवरेज को लेकर उनके ऊपर प्रदेश के तीन जिलों में एफआईआर दर्ज की गई थी। चोपड़ा पर देशद्रोह और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप लगे हैं। डूंगरपुर जिले में दर्ज केस को लेकर पुलिस उन्हें गिरफ्तार करने पहुंची है।
डूंगरपुर कोतवाली पुलिस के अनुसार, चोपड़ा के खिलाफ जिले के एक एक व्यक्ति ने केस दर्ज कराया था। जिसमें आरोप लगाया कि पत्रकार ने अलवर के राजगढ़ में मंदिर तोड़ने पर की गई कार्रवाई को दिखाया। इस दौरान उन्होंने काल्पनिक विवरण दिया कि सरकार द्वारा की गई कार्रवाई दिल्ली के जहांगीरपुरी में की गई कार्रवाई का बदला है। इसके अलावा चोपड़ा के खिलाफ बूंदी और अलवर थाने में देशद्रोह, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और दो समुदाओं के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने के तहत 23 अप्रैल को केस दर्ज किए गए थे।
बता दें कि बूंदी और अलवर जिले में दर्ज मामले में राजस्थान हाईकोर्ट ने चोपड़ा की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। लेकिन, डूंगरपुर कोतवाली में दर्ज केस को लेकर एक स्थानीय अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। राजस्थान पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि हमारी टीम नोएडा में है। पत्रकार चोपड़ा की गिरफ्तारी के लिए उनके संभावित ठिकानों की तलाश की जा रही है।
डूंगरपुर के एसपी सुधीर जोशी ने बताया कि बीते शनिवार को भी पुलिस टीम उनके घर गई थी, लेकिन वहां ताला लगा हुआ था। उन्होंने बताया कि नोएडा पुलिस को मामले की जानकारी पहले ही दे दी गई थी। यह दूसरी बार है जब पुलिस टीम उनकी गिरफ्तारी के लिए नोएडा आई है।