एसीबी की गिरफ्तर में आरोपी कांस्टेबल।
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एसीबी की सीकर इकाई को परिवादी ने शिकायत दी थी कि उसके भाई के विरूद्ध दर्ज धोखाधड़ी के प्रकरण में परिजनों के नाम निकालने की एवज में कांस्टेबल रामनिवास ने 1 लाख रुपए की रिश्वत मांगी और राशि नहीं देने पर परेशान किया जा रहा है। इस पर एसीबी, जयपुर के उप महानिरीक्षक पुलिस कालूराम रावत के सुपरविजन में एसीबी सीकर इकाई के उप अधीक्षक पुलिस राजेश जांगिड़ ने शिकायत का सत्यापन किया।
20 हजार और 5 हजार रुपए दो बार में पहले ही ले चुका था घूस
गुरुवार को पुलिस निरीक्षक सुरेश चंद की ओर से मय टीम के नागौर में ट्रेप की कार्रवाई करते हुए मारोठ थाने के कांस्टेबल रामनिवास पुत्र हीरालाल निवासी ग्राम सामोता का बास, तहसील रींगस, जिला सीकर को परिवादी से 10 हजार रुपए की रिश्वत राशि लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। आरोपी कांस्टेबल ने शिकायत से पूर्व 20 हजार रुपए और शिकायत के सत्यापन के दौरान भी परिवादी से 5 हजार रुपए की रिश्वत राशि वसूल की थी। रिश्वत राशि भी आरोपी की सूचना पर एसीबी टीम ने मौके से बरामद कर ली है। इस मामले में पुलिस थाने के अनुसंधान अधिकारी और अन्य की भूमिका की भी विस्तृत जांच की जा रही है।
ACB के IGP सवाई सिंह गोदारा के निर्देशन में आरोपी से पूछताछ
एसीबी के महानिरीक्षक पुलिस सवाई सिंह गोदारा के निर्देशन में आरोपी से पूछताछ जारी है। एसीबी की ओर से मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत प्रकरण दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान किया जाएगा।