गरड़दा डैम पर दो अगस्त की रात हुई सनसनीखेज वारदात की परतें पुलिस ने 100 घंटे में खोल दी हैं। मछली ठेकेदार के यहां चौकीदारी करने वाले मोहनलाल मेघवाल और मोहनलाल भील की हत्या के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी राजेंद्र सेनी उर्फ कालू को लाखेरी से गिरफ्तार किया है। एसपी अवनीश कुमार शर्मा ने बताया कि वारदात की शुरुआत गरड़दा डैम के निर्जन इलाके में हुई शराब पार्टी से हुई थी। तीनों साथ बैठकर शराब पी रहे थे। इसी दौरान कहासुनी ने विवाद का रूप ले लिया और आरोपी ने दोनों पर हमला कर दिया।
शराब और खाना बनाने के दौरान बिगड़ा माहौल
एसपी ने बताया कि दो अगस्त की शाम मोहनलाल मेघवाल, मोहनलाल भील और कालू सेनी डैम क्षेत्र के एक निर्जन स्थान पर साथ बैठकर शराब पी रहे थे। शराब पीने और खाना बनाने के दौरान मोहनलाल भील और कालू के बीच विवाद हो गया। कहासुनी बढ़ने पर आरोपी ने पास पड़े लकड़ी के डंडे से मोहनलाल भील पर हमला कर दिया। वह गंभीर रूप से घायल होकर चारपाई पर गिर गया।
मोबाइल से सूचना देने की कोशिश, फिर बना दूसरा निशाना
पुलिस उपाधीक्षक राजेश टेलर ने बताया कि जांच में सामने आया कि कुछ दूरी पर बैठा मोहनलाल मेघवाल विवाद बढ़ता देखकर मोबाइल से किसी को सूचना देने का प्रयास कर रहा था। आरोपी की नजर उस पर पड़ गई और उसने मोहनलाल मेघवाल पर भी हमला कर दिया। दोनों के अचेत होकर गिरने के बाद आरोपी ने फरार होने की योजना बनाई।
जेब से पैसे और मोबाइल ले गया
पुलिस के अनुसार, ठेकेदार की ओर से उपलब्ध कराई गई मोटरसाइकिल से आरोपी रात करीब 10 बजे मौके से निकल गया। फरार होते समय उसने मोहनलाल मेघवाल की जेब से करीब 200 रुपये और उसका कीपैड मोबाइल अपने पास रख लिया। पुलिस का प्रथमदृष्टया मानना है कि मोबाइल साथ ले जाने का उद्देश्य घटना से जुड़े साक्ष्य छिपाना और जांच को गुमराह करना हो सकता है।
बाइक छिपाकर पैदल भागता रहा आरोपी
डीएसपी राजेश टेलर ने बताया कि वारदात के बाद आरोपी ने पुलिस से बचने के लिए रास्ते में सावधानी बरती। डाबी की ओर जाते हुए उसने मोटरसाइकिल को एक गुप्त स्थान पर छिपा दिया और मोबाइल बंद कर पैदल निकल गया। वह पूरी रात पैदल चलता रहा और चित्तौड़ रोड स्थित आर्मी कैंप क्षेत्र तथा बल्लोप पुलिया होते हुए बूंदी पहुंचा। इसके बाद काम की तलाश में लाखेरी पहुंचने की सूचना पुलिस को मिली।
ट्रक में बैठकर भागने की तैयारी, पुलिस ने दबोचा
पुलिस ने आरोपी की तलाश में तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र, पूर्व ठिकानों और संपर्कों की जानकारी जुटाई। इसी दौरान सूचना मिली कि संदिग्ध लाखेरी रोड पर मौजूद है और ट्रक में बैठकर दूसरे स्थान पर भागने की तैयारी में है। नमाना थाना पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर पहचान सुनिश्चित की और आरोपी को दबोच लिया। पूछताछ में आरोपी ने घटना करना स्वीकार किया है।
घायल मोहनलाल भील ने भी 6 अगस्त को तोड़ा दम
वारदात में गंभीर रूप से घायल मोहनलाल भील का उपचार चल रहा था। पुलिस के अनुसार, उपचार के दौरान 6 अगस्त को उसकी भी मौत हो गई। इसके बाद मामला दोहरे हत्याकांड में बदल गया। पुलिस ने आरोपी राजेंद्र सेनी उर्फ कालू पुत्र स्वर्गीय लक्ष्मण माली, निवासी उपरला पाड़ा खेरुणा, थाना सदर बूंदी को गिरफ्तार किया है।
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पुलिस का कहना है कि आरोपी लगातार स्थान बदलकर बचने की कोशिश कर रहा था, लेकिन तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से उसे लाखेरी में पकड़ लिया गया। मामले में विस्तृत अनुसंधान जारी है।