दिल्ली में आप पार्टी की सरकार बनने के बाद राजस्थान में ऐतिहासिक बहुमत प्राप्त करने वाली भाजपा को लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के बजाय आप से अच्छी चुनौती मिलने की सम्भावना है।
भाजपा के रणनीतिकारों को शहरी सीटों पर नुकसान की आशंका सता रही है। इसके चलते प्रदेश से 300 से अधिक नेता दिल्ली में 18 और 19 को राष्ट्रीय परिषद की बैठक में हिस्सा लेने पहुंचेंगे।
इसमें वे लोकसभा चुनाव में आप पार्टी से निपटने की रणनीति सीखेंगे। आप पार्टी को लेकर चिंता सभी राजनीतिक पार्टियों में है।
विधानसभा चुनाव में 200 में से 163 सीटें मिलने से उत्साहित भाजपा राजस्थान में लोकसभा की सभी 25 सीटें जीतने की उम्मीद लगाए बैठी है।
दिल्ली में होनेवाली इस बैठक में नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री बनाने को लेकर ही भाजपा संगठन को ग्राउंड लेवल तक मजबूत करने के मुद्दे पर रणनीति तय होगी।
बैठक में राजस्थान सहित देशभर से आने वाले भाजपा संगठन के नेताओं को केंद्रीय नेतृत्व आप की जनता के बीच किस तरह से काट करनी है, उस बारे में खास निर्देश देंगे।
बैठक में बताया जाएगा कि चुनावों में किस तरह के मुद्दे भाजपा पदाधिकारी आमजन के बीच उठाएं। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे 17 जनवरी को दिल्ली पहुंच जाएंगी। केंद्रीय नेतृत्व ने प्रदेश भाजपा को मिशन 25 का लक्ष्य सौंपा है।