धर्मांतरण केंद्र चलने की सूचना पर रविवार सुबह बयाना कोतवाली और सदर थाना पुलिस ने कस्बे के भीमनगर इलाके में स्थित एक घर पर छापामार कार्रवाई की। पुलिस को सूचना मिली थी कि घर में चर्च बनाकर हर रविवार प्रार्थना सभा का आयोजन किया जा रहा है और प्रवचन के जरिये लोगों को हिंदू से ईसाई धर्म अपनाने के लिए आध्यात्मिक तरीके से प्रेरित किया जा रहा है।
सुबह करीब 11:30 बजे डिप्टी एसपी अमरसिंह मीणा, कोतवाली एसएचओ बाबूलाल गुर्जर, सदर थाना एसएचओ बलराम यादव जाब्ते के साथ भीमनगर स्थित कैलाश कोली के मकान पर पहुंचे, जहां पुलिस को करीब 250 महिला-पुरुष घर के हॉल में बैठकर प्रार्थना करते मिले। पुलिस ने बिना अनुमति चल रहे इस केंद्र को बंद कराने की कोशिश की तो महिला अनुयायियों ने विरोध कर दिया। इस दौरान आसपास के काफी लोगों की भीड़ में मौके पर जमा हो गई। करीब 1 घंटे तक चले विरोध के बाद पुलिस केंद्र संचालक कैलाश कोली को पूछताछ के लिए थाने ले गई है।
पुलिस जब केंद्र संचालक को थाने लाने लगी तो महिलाओं ने केंद्र संचालक को ले जाने का विरोध किया और पुलिस की जीप को घेर लिया। हालांकि प्रार्थना सभा में मौजूद महिलाओं का कहना था कि यहां कोई धर्म परिवर्तन जैसा काम नहीं हो रहा है बल्कि प्रार्थना के जरिए लोगों को शांति मिल रही है। केंद्र संचालक कैलाश कोली ने पुलिस को बताया कि वह 10 साल से यह केंद्र चला रहा है, जिसमें जीवन से दुखी लोगों को बाइबल की शिक्षा और प्रार्थना के जरिए शारीरिक और मानसिक शांति मिलती है। यहां धर्म परिवर्तन जैसी कोई बात नहीं होती। डिप्टी एसपी अमरसिंह मीणा ने बताया कि धर्मांतरण की सूचना पर केंद्र पर जांच की गई है। केंद्र संचालक से पूछताछ की जा रही है।