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Bharatpur News: पति-पत्नी के विवाद में ससुर ने जीवित बहू को बता दिया 'मृत', जन आधार कार्ड से हटवाया नाम

Fri, 24 May 2024 12:53 PM IST
रवींद्र भजनी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुर

सार

राजस्थान के भरतपुर में पति-पत्नी के विवाद में ससुर ने जीवित बहू को ही मृत बता दिया। जन आधार कार्ड से नाम भी हटा दिया गया है। अब बहू ने अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है। 
 
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अंजू भट्ट की सिस्टम से गुहार- मुझे मृत बताने वालों पर कार्रवाई करो। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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डीग जिले में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। पति-पत्नी में विवाद के चलते ससुर ने पुत्र वधू को मृत बताकर जन आधार कार्ड से नाम हटवा दिया है। पुत्र वधु वर्तमान में जीवित है। पीड़िता का चयन नर्सिंग ऑफिसर में हो गया है, जिसके सत्यापन के लिए जाति और मूल निवास प्रमाण पत्र की आवश्यकता है। मृत घोषित किया गया है, इस वजह से यह दस्तावेज बनवाने में उसे काफी दिक्कत आ रही है।

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पीड़िता अंजू भट्ट का आरोप है कि ससुराल पक्ष के सदस्यों और सचिव  पर षडयंत्र रचकर फर्जी दस्तावेज तैयार कर जनाधार कार्ड से नाम हटवाने के आरोप लगाए हैं। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में तहरीर देकर कुम्हेर पुलिस थाने में मामला दर्ज करवाया है। करीब नौ माह से अधिक समय होने के बाद भी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की है।  पीड़िता आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर भरतपुर स्थित सीएम जनसुनवाई केंद्र पर पहुंची और अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है।

पीड़िता अंजू भट्ट ने बताया कि कुम्हेर स्थित विजय नगर निवासी सुरेंद्र कुमार के साथ शादी हुई थी। पति और मेरे बीच में विवाद चल रहा है। इसका फायदा उठाकर ससुर मोहरपाल, सास शांति देवी, पति सुरेंद्र कुमार और देवर पुष्पेंद्र सिंह ने ग्राम पंचायत रूंध हेलक के सचिव के साथ षडयंत्र रचकर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और मुझे मृत बताकर मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाया। इसे पेश कर 28 मई 2023 को जन आधार कार्ड से मेरा नाम हटवा दिया। मैं वर्तमान में जीवित हूं। जब मुझे इसकी जानकारी मिली तो इस मामले को लेकर मैंने कोर्ट में तहरीर देकर ससुराल पक्ष के साथ ही सचिव के खिलाफ 28 अगस्त 2023 को कुम्हेर पुलिस थाने में मामला दर्ज करवाया। इस मामले को नौ माह होने के बाद भी पुलिस ने किसी भी प्रकार की कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
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पीड़िता भरतपुर स्थित मुख्यमंत्री जनसुनवाई केंद्र पर पहुंची। वहां उसने अधिकारियों से गुहार लगाते हुए कहा कि मेरा चयन नर्सिंग ऑफिसर में हो गया है। उसके सत्यापन के लिए मुझे जाति प्रमाण पत्र और मूल निवास की आवश्यकता है। लेकिन मेरे ससुराल पक्ष के सदस्यों और ग्राम पंचायत रूंध हेलक सचिव ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाया और मेरा नाम जन आधार कार्ड से हटवा दिया है। मुझे दस्तावेज बनवाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उसने दस्तावेज बनवाने के साथ-साथ आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।  

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