बाड़मेर शहर में दिनदहाड़े गैराज में काम कर रहे युवक पर फायरिंग कर हत्या करने के मामले में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। इस पूरे मामले में अब तक दो आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं, जबकि घटना का मुख्य आरोपी रघु उर्फ भिंडा अभी तक फरार है।
पुलिस अधीक्षक दीगत आनंद ने जानकारी देते हुए बताया, तीन अक्तूबर को पैसे के लेन-देन के विवाद में फायरिंग की वारदात हुई थी। इस घटना में मोटर गैरेज में काम कर रहा रिंकू उर्फ हरपाल सिंह घायल हो गया था, जिसकी जोधपुर के एम्स में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। मामले की जांच में सामने आया कि आरोपी पंजाब के निवासी हैं और वारदात के बाद इनके पंजाब में होने की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने एक स्पेशल टीम का गठन कर पंजाब भेजा था। कई दिनों की मेहनत के बाद आखिरकार पुलिस ने वारदात में शामिल दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल कर ली है। लेकिन मामले का मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है।
एक साल से नाम बदलकर घूम रहा था आरोपी रघु
पुलिस के अनुसार, वारदात में शामिल मुख्य आरोपी रघु उर्फ भूपेंद्र सिंह उर्फ बिंदा पंजाब की बिन्नी गुज्जर गैंग का सक्रिय सदस्य है। इतना ही नहीं रघु पंजाब के होशियारपुर में हत्या के मामलें में सजायाब भी था और पैरोल से फरार होकर करीब एक साल से बाड़मेर में घूम रहा था। इस दौरान मृतक रिंकू से पैसे की लेन-देन को लेकर उसका विवाद हो गया। इसके बाद आरोपी ने पंजाब से गैंग के साथियों बुलाकर इस वारदात को अंजाम दिया।
वारदात में शामिल सभी आरोपी बिन्नी गुज्जर गैंग के सक्रिय सदस्य
आपको बता दें कि वारदात में शामिल मुख्य आरोपी बाड़मेर में पिछले एक साल से किराए के मकान में रह रहा था। वारदात से कुछ समय पहले भी रिंकू से उसका विवाद हुआ था, जिसके बाद आरोपी ने अपनी पत्नी को होशियारपुर भेज दिया और पंजाब से बिन्नी गुज्जर गैंग में साथी रहे अमृतसिंह उर्फ गडेल उर्फ अमृत, अभिषेक उर्फ भट्टी और रजत को अवैध हथियारों के साथ बाड़मेर बुलाया। उसके बाद उसने सभी को अपने मकान में रुकवाया और मौका मिलते ही वारदात को अंजाम दे दिया। इधर, बाड़मेर पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की बड़ी बारीकी से जांच कर रही है।