राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड का परिणाम जारी होते ही बारां जिले के विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। जिले के कई छात्रों ने उच्च अंक प्राप्त कर शैक्षणिक उपलब्धि दर्ज की है।
दीपिका मेहता बनीं जिला टॉपर
बारां शहर स्थित एक निजी स्कूल की छात्रा दीपिका मेहता ने 600 में से 597 अंक हासिल कर 99.50 प्रतिशत के साथ जिले में पहला स्थान प्राप्त किया। इस उपलब्धि के साथ वह प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों में भी शामिल हो गई हैं।
दीपिका के पिता बबलेश मेहता पुलिस विभाग में हेड कांस्टेबल हैं, जबकि माता आशा मेहता गृहिणी हैं। दीपिका ने अपनी सफलता का श्रेय स्कूल प्रबंधन, शिक्षकों और परिवार को दिया है। उनका कहना है कि निरंतर मार्गदर्शन और सहयोग से ही यह मुकाम हासिल हो पाया है।
दीपिका ने बताया कि वह आगे साइंस स्ट्रीम से पढ़ाई कर शिक्षिका बनना चाहती हैं, ताकि भविष्य में अन्य विद्यार्थियों को शिक्षित कर समाज में योगदान दे सकें।
अन्य छात्रों का भी उल्लेखनीय प्रदर्शन
इसी स्कूल की छात्रा पलक नागर ने 99.33 प्रतिशत और छात्र मुदित सोनी ने 99 प्रतिशत अंक प्राप्त कर शानदार सफलता हासिल की। स्कूल का कुल परिणाम भी प्रभावशाली रहा, जहां 30 विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए।
स्कूल में जश्न का माहौल
परिणाम घोषित होते ही स्कूल परिसर में खुशी का माहौल बन गया। छात्र-छात्राओं, अभिभावकों और शिक्षकों ने मिलकर जश्न मनाया। मेधावी विद्यार्थियों का माला पहनाकर स्वागत किया गया और उनका मुंह मीठा कराया गया। इस दौरान स्कूल में आतिशबाजी भी की गई और एक-दूसरे को बधाइयां दी गईं।
पढ़ें- Rajasthan 10th Result 2026: दसवीं में जयपुर की छवि लाईं 99.33%; लड़कियों में किसको मिले कितने अंक, यहां जानें?
सफलता का श्रेय मेहनत और मार्गदर्शन को
सफल विद्यार्थियों ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने परिवारजनों और स्कूल स्टाफ को दिया। उनका कहना था कि कड़ी मेहनत, अनुशासन और शिक्षकों के मार्गदर्शन के कारण ही यह सफलता संभव हो पाई है।
जानकारी के मुताबिक, राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, अजमेर की ओर से मंगलवार दोपहर जारी किए गए दसवीं बोर्ड परीक्षा परिणाम में बारां जिले ने 89.72 प्रतिशत परिणाम के साथ शानदार प्रदर्शन किया है। रिजल्ट घोषित होते ही जिलेभर में खुशी की लहर दौड़ गई। स्कूलों, कोचिंग संस्थानों और घरों पर विद्यार्थियों का मुंह मीठा करवाकर जश्न मनाया गया, वहीं कई जगह आतिशबाजी भी की गई।
शिक्षा विभाग अधिकारियों के अनुसार जिले में कुल 8379 छात्र और 7804 छात्राएं उत्तीर्ण हुए हैं। ओवरऑल परिणाम 89.72 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्षों की तुलना में बेहतर माना जा रहा है।