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'परीक्षा प्रबंधन नहीं सुधरा, तो फिर लीक होंगे पेपर': पूर्व सीएम अशोक गहलोत बोले, कड़े कानून का भी किया जिक्र

Thu, 30 Jul 2026 08:20 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि परीक्षा प्रबंधन में सुधार नहीं हुआ तो राजस्थान में फिर पेपर लीक होंगे। उन्होंने नकल विरोधी सख्त कानून का जिक्र करते हुए भाजपा सरकार पर श्रेय लेने, ओएमआर घोटाले और कुशासन को लेकर भी निशाना साधा।

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पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि यदि परीक्षा प्रबंधन में सुधार नहीं किया गया, तो राजस्थान में भविष्य में भी पेपर लीक की घटनाएं होती रहेंगी। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने नकल के खिलाफ सख्त कानून बनाया था और परीक्षा प्रक्रिया में कई सुधार किए थे, जिसके कारण पेपर लीक की घटनाओं पर रोक लगी।

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कड़े कानून का किया जिक्र, सरकार पर साधा निशाना
गहलोत ने वर्तमान भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि वह पेपर लीक रोकने का बेवजह श्रेय ले रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि ओएमआर शीट घोटाले में गिरफ्तार आरोपियों को जमानत मिल गई, लेकिन राज्य सरकार ने इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने नकल के खिलाफ सख्त कानून बनाया था, जिसमें आजीवन कारावास, नकल माफिया की संपत्ति जब्त करने और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया था। गहलोत ने कहा कि केवल कड़ा कानून बना देने से समस्या का समाधान नहीं होगा। यदि परीक्षा प्रबंधन मजबूत नहीं होगा, तो भविष्य में भी पेपर लीक होते रहेंगे। लोकसभा में लाए गए नकल विरोधी विधेयक पर उन्होंने कहा कि इसे विपक्षी दलों से चर्चा और सहमति के बाद लाना अधिक उचित होता।

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कांग्रेस की वापसी का दावा
अशोक गहलोत ने अगले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनने का दावा करते हुए कहा कि पार्टी की वापसी तय है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार को जनता के हित में सुशासन देना चाहिए। उनका आरोप था कि राजस्थान में सरकार के कामकाज को लेकर हर घर में नकारात्मक चर्चा हो रही है और मुख्यमंत्री को इसकी जानकारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि कुशासन का यही दौर जारी रहा, तो इसका नुकसान प्रदेश की जनता को उठाना पड़ेगा। गहलोत ने यह भी आरोप लगाया कि लोकसभा में जब भी राहुल गांधी बोलते हैं, उनका माइक बंद कर दिया जाता है और ऐसा स्पीकर के इशारे पर होता है।

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