एडिशनल सेशन जज गुरजंट सिंह की अदालत ने दुराचार के मामले में आरोपी अध्यापक को दोषी करार देते हुए दस वर्ष की कैद और 5500 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
पीड़िता ने थाना बाघापुराना पुलिस को 10 जून 2011 को शिकायत दर्ज करवाई थीं कि उसके पति की वर्कशॉप है। इसी के चलते फूल ब्लॉक बठिंडा के रहने वाले गांव गुजरावाल के सरकारी स्कूल में अध्यापक गुरमीत सिंह से जान पहचान हो गई थीं और गुरमीत सिंह उनके घर आने-जाने लगा था। आठ जून की सुबह जब उसका पति काम पर चला गया तो गुरमीत सिंह उनके घर में आया और पानी का गिलास मांगा।
जब उसने पानी का गिलास लाकर दिया तो उसने उससे अश्लील हरकतें शुरू कर दी। विरोध करने पर उसे जान से मारने की धमकी देकर उसके साथ दुराचार किया। उसने घटना की सूचना अपने पति को दी थीं। जिस पर थाना बाघापुराना पुलिस ने 10 जून 2011 को आरोपी अध्यापक गुरमीत सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया था। यह मामला एडिशनल सेशन जज गुरजंट सिंह की अदालत में विचाराधीन था।
बुधवार को अदालत ने सबूतों और गवाहों के आधार पर आरोपी को दोषी करार देते हुए दस वर्ष की कैद और 5500 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। अदालत ने जुर्माना न अदा करने की सूरत में उसे छह महीने की अतिरिक्त कैद काटने का भी आदेश दिया है।