पिम्स में करीब 15 दिन से चल रही डॉक्टरों की हड़ताल के विरोध में शनिवार को कांग्रेसी नेताओं ने पिम्स के बाहर धरना दिया।
इस दौरान जिला प्रधान शहरी बेरी ने कहा कि पंजाब सरकार हर प्लेटफार्म पर फेल हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार ने अपने चहेतों को खुश करने के लिए पिम्स का सौदा किया था। अब सरकार के चहेते फेल हो रहे हैं तो सरकार चुप्पी साधे हुए है।
वहीं, पिम्स में कोर्स करने वाले छात्रों के अभिभावकों ने शनिवार को पूर्व स्थानीय निकाय मंत्री मनोरंजन कालिया का घेराव किया। अभिभावकों की डिमांड थी कि सरकार पिम्स के मामले में दखल देकर बच्चों की पढ़ाई का होने वाले नुकसान को रोके।
कालिया ने इस मामले पर जल्द ही मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के साथ बातचीत करने का आश्वासन दिया। पत्रकारों के साथ बातचीत में कालिया ने कहा कि इस मामले को जल्द ही सुलझा दिया जाएगा।
कांग्रेस कमेटी ने सुबह पिम्स के गेट के सामने धरना दिया और पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। देहाती के प्रधान जगबीर सिंह बराड़ ने कहा कि पिम्स में व्यवस्था का चरमरा जाना सरकार की सबसे बड़ी नालायकी है।
उन्होंने कहा कि पिम्स का प्रबंधन अकाली दल के नेता ही देख रहे हैं। यही कारण है कि सरकार सब जानते हुए भी कार्रवाई के लिए आगे नहीं आ रही है। इस धरने के दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेसी नेता हाजिर हुए थे।
पिम्स में वेतन न मिलने के कारण डॉक्टर करीब 15 दिन से ही हड़ताल पर चल रहे हैं। इस संस्था में एमबीबीएस का कोर्स करने वाले छात्रों ने भी अपने पेपर छोड़ डॉक्टर का समर्थन दे दिया था। इसके बाद से लेकर इस मामले में आज तक राजनीति हो रही है।