पंजाब एग्रो फूड ग्रेन निगम (पीएएफसी) के मैनेजिंग डायरेक्टर ने 42 करोड़ के चावल घोटाले की जांच पंजाब विजिलेंस ब्यूरो को सौंप दी है। पंजाब पुलिस की ओर से तीन चावल मिल मालिकों खिलाफ दर्ज केस रद्द करने बाद इसकी जांच विजिलेंस को दे दी है।
डीएसपी विजिलेंस सुरिंदर कुमार ने कहा कि विजिलेंस ब्यूरो ने पंजाब पुलिस से तीन चावल मिल मालिकों के खिलाफ तकरीबन 42 करोड़ के चावल खुर्द-बुर्द करने के आरोप में थाना धर्मकोट और थाना अजीतवाल में दर्ज गबन केस की फाइल मंगवाई गई है। उन्हाेंने बताया कि पंजाब एग्रो फूड ग्रेन निगम (पीएएफसी) के जिला दफ्तर से भी रिकॉर्ड मंगवाया गया है।
थाना अजीतवाल में बीते साल 15 जुलाई को महावीर एग्रो फूड कोकरी कलां चावल मिल में हिस्सेदार आशीष बांसल और कुनाल बांसल निवासी हीरा बाग जगरांव व मनोज जैन निवासी दशमेश नगर पर लगभग 7 करोड़ 70 लाख 30 हजार की कीमत की 1 लाख 477 बोरी (35514 क्विंटल) धान खुर्द बुर्द करने के आरोप केस दर्ज किया था।
उन्हाेंने बताया कि महांदेव एग्रो फूड अजीतवाल की जांच के दौरान 10 करोड़ 52 लाख 96 हजार रुपये कीमत का 1 लाख 39 हजार 640 बोरी (48874 क्विंटल) धान खुर्द बुर्द करने के आरोप में उक्त मामले नामजद मनोज जैन निवासी दशमेश नगर के खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
इसके अलावा थाना धर्मकोट में बीते वर्ष की 7 दिसंबर को इस निगम का 23 करोड़ 94 लाख 54 हजार 460 रुपये की 34,1292 बोरियां धान वजनी 119452.22 क्विंटल खुर्द बुर्द करने के आरोप में क्वालिटी राइस मिल प्रा. लिमिटेड चावल मिल मालिक इंदरप्रीत सिंह पर गबन के आरोप में केस दर्ज किया गया था।
डीएसपी ने बताया कि इन तीनों चावल मिलों को पंजाब एग्रो फूड ग्रेन निगम (पीएएफसी) ने 2012 -13 वित्तीय वर्ष धान छड़ाई के लिए दिया गया था। निगम की जांच में इस घोटाले का खुलासा हुआ था। उन्हाेंने बताया कि तत्कालीन जिला मैनेजर और अन्य स्टाफ की घोटाले में मिलीभगत के बारे में जांच की जा रही है।
चावल मिलों के घोटाले की रिपोर्ट तैयार करने की रंजिश के अंतर्गत 3 अक्तूबर 2013 को निगम दफ्तर के पास ही निगम के लेखाकार जगतार सिंह निवासी गुरदेव नगर लुधियाना पर बेसबालों से जानलेवा हमला कर उसकी टांगें तोड़ दीं थी। इस मामले में थाना सिटी पुलिस ने इन चावल मिलों में हिस्सेदार बताए जाते निगम के एक तत्कालीन जिला मैनेजर समेत 4 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
इसके अलावा बीते साल की 18 मई मेें निगम के दफ्तर में से रिकॉर्ड चोरी करने के आरोप में महावीर एग्रो फूड कोकरी कलां के मालिक आशीष बांसल के अलावा उसके नौकर शिव कुमार और रिश्तेदार मुकेश कुमार निवासी निहाल सिंह वाला खिलाफ केस दर्ज कर एक आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया था।