पटियाला की पंजाबी यूनिवर्सिटी ने इस बार लड़कों को भी प्राइवेट तौर पर एमए और बीए कोर्स कराने का एलान किया है। गौरतलब है कि अब तक प्राइवेट परीक्षाओं की यह सुविधा केवल लड़कियों के लिए ही थी। यूनिवर्सिटी ने इस संबंधी हिदायतें अपनी वेबसाइट पर प्रदर्शित कर दी हैं।
प्राइवेट तौर पर बीए कोर्स में अपीयर होने के लिए पात्रता व जरूरी हिदायतों में शामिल हैं कि हर भाग व सेमेस्टर में परीक्षा को पास करने के लिए जरूरी अंकों की न्यूनतम संख्या हरेक विषय में 35 प्रतिशत होगी। प्राइवेट विद्यार्थियों के लिए कोई अंदरूनी मूल्यांकन नहीं होगा। बीए भाग पहला के प्राइवेट विद्यार्थियों की परीक्षा यूनिवर्सिटी के अधिकार क्षेत्र के अधीन आने वाले कॉलेजों, मान्यता प्राप्त कॉलेजों में ही होगी। प्राइवेट विद्यार्थी प्रैक्टिकल विषय नहीं ले सकेगा। जिन स्टूडेंट्स की बारहवीं के किसी भी विषय में रि-अपीयर है, उनको उस साल की सप्लीमेंटरी परीक्षा में अपनी रि-अपीयर की परीक्षा को पास करना अनिवार्य होगा। ऐसा न होने की सूरत में उसका बीए भाग पहला कोर्स में दाखिला खुद ही रद्द हो जाएगा।
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यूनिवर्सिटी में परीक्षा फार्म की वेरिफिकेशन कराने के समय विद्यार्थी बारहवीं का अपना असल सर्टिफिकेट लेकर आएं। फोटो कापी पर पुष्टि नहीं की जाएगी। जिन विद्यार्थियों ने बारहवीं सीबीएसई बोर्ड या अन्य किसी बोर्ड से की है, वह अपने असल माइग्रेशन सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन समय से लेकर जरूर आएं। बीए भाग पहला (पहला सेमेस्टर) प्राइवेट के विद्यार्थी पात्रता चेक कराने के लिए संबंधित असल दस्तावेज 15 अक्तूबर के बाद या परीक्षा शुरू होने से एक महीना पहले चेक कराने के लिए आ सकते हैं। इसी तरह से प्राइवेट तौर पर एमए में दाखिला लेने के लिए भी हिदायतें जारी की गई हैं।
पंजाबी यूनिवर्सिटी के अधिकार क्षेत्र में केवल बरनाला, बठिंडा, फरीदकोट, मानसा, मोहाली, पटियाला, रोपड़, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब व मालेरकोटला जिले आते हैं। एमए पंजाबी, डिफेंस स्टडीज, संस्कृत, उर्दू व परशियन विषयों के अलावा पीयू के अधिकार क्षेत्र से बाहर के विद्यार्थी एमए प्राइवेट में दाखिला नहीं ले सकते हैं। एमए सेमेस्टर तीसरा में अपीयर होने के लिए सेमेस्टर पहला व दूसरे के कुल पेपरों में 50 प्रतिशत पेपर पास होने जरूरी हैं। अगर कोई विद्यार्थी फार्म भरने के बाद एमए का विषय बदलना चाहता है, तो ऐसी स्थिति में उनको दोबारा फार्म व फीस भरनी पड़ेगी। पहले जमा कराई फीस वापसी योग्य नहीं होगी और न ही एडजस्ट होगी।