पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रधान कैप्टन अमरिंदर सिंह ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने मनरेगा के लिए केंद्र से मिले पैसे का दुरुपयोग किया है। यही वजह है कि पंजाब मनरेगा में सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला राज्य है।
इसके लिए बादल किसी पर आरोप भी नहीं लगा सकते हैं। कैप्टन ने कहा कि बादल गांवों के भूमिहीन मजदूरों के लिए पंजाब में मनरेगा स्कीम को लागू करने में फेल रहे हैं। वह मंगलवार को एक स्थानीय पैलेस में मनरेगा वर्करों को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री रिजिजू के उस बयान की निंदा की जिसमें रिजिजू ने पंजाब को अब भी एक अशांत क्षेत्र बताया है। कैप्टन ने इस बयान पर चुप्पी के लिए सीएम और डिप्टी सीएम दोनों को आड़े हाथों लिया। कैप्टन ने इसे केंद्रीय गृह राज्य मंत्री की ओर से दिया गया बहुत ही गैर जिम्मेदाराना बयान बताया।
कैप्टन ने कहा कि पंजाब देश के शांत राज्यों में से एक है। पाकिस्तान से होने वाली घुसपैठ के कारण राज्य में कुछ घटनाएं होती हैं तो इसका मतलब यह नहीं है कि पंजाब एक अशांत राज्य है। ऐसे बयान देने से पहले मंत्री को अपना होमवर्क अच्छी तरह से करना चाहिए।
कैप्टन ने इस मुद्दे पर सीएम व डिप्टी सीएम सुखबीर सिंह बादल की चुप्पी पर हैरानी जताई। कैप्टन ने कहा कि जब कांग्रेस उप प्रधान राहुल गांधी ने राज्य के नौजवानों का नशों का शिकार बनने संबंधी सच्चाई का खुलासा किया था तो अकालियों ने बहुत शोर मचाया था।
मौके पर कैप्टन ने मनरेगा वर्करों के नुमाइंदों जय सिंह फिल्लौर और प्रदेश कांग्रेस उप प्रधान डा. अमर सिंह की ओर से रखी गई मांगों को सुना। कैप्टन ने वादा किया कि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर मनरेगा को पूरी तरह से लागू किया जाएगा।
एक टिकट एक परिवार के मुद्दे पर कैप्टन ने कहा कि वह यह सलाह सबके सामने रख चुके हैं। जब हम बादल की सब कुछ परिवार के हाथ में रखने के लिए निंदा करते हैं तो हमें खुद भी उदाहरण पेश करना चाहिए। मौके पर विधायक परनीत कौर, पूर्व मंत्री लाल सिंह भी मौजूद रहे।
इससे पहले कैप्टन ने यादविंदरा पब्लिक स्कूल के समागम में हिस्सा लिया। उन्होंने छात्राओं के साथ हल्की-फुल्की बातचीत भी की। इस दौरान छात्राओं ने भी बड़े चाव से कैप्टन के साथ सेल्फी भी ली।