पंजाब स्कूल शिक्षा विभाग के अधीन कांट्रेक्ट पर काम कर रहे टीचर्स एलीजिबिलटी टेस्ट (टीईटी) पास 3442 शिक्षकों पर आधारित यूनियन के नुमाइंदे रविवार को अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतर आए।
नेहरू पार्क में बड़ी संख्या में इकट्ठा होने के बाद इन सभी ने बस स्टैंड तक रोष मार्च निकाला और फिर बस स्टैंड के पास बत्तियों वाला चौक में अर्थी फूंक प्रदर्शन किया। इस मौके पर सरकार से इन 3442 शिक्षकों को रेगुलर करने की मांग की गई।
इस मौके पर यूनियन के विक्रम देव सिंह और अमनदीप सिंह ने कहा कि टीईटी पास शिक्षकों की भरती पंजाब सिविल सर्विसेज रेशलाइजेशन इन सर्टन कंडीशन आफ सर्विस एक्ट 2011 के अनुसार काफी कम तनख्वाह पर की गई थी।
इस एक्ट के अधीन विभिन्न विभागों में भरती करनी थी, लेकिन बाद में रद्द कर दी गई और रेगुलर आधार पर कर्मचारी रखे गए। लेकिन उन्हें अभी तक पक्का नहीं किया गया है, जो टीईटी पास इन शिक्षकों के साथ अन्याय है। जिसे किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की कि अध्यापकों को बनता हक दिया जाए।
टीईटी पास इन शिक्षकों में से ज्यादातर अपने जिलों से काफी दूर नौकरी कर रहे हैं। ऐसे में इन शिक्षकों के लिए कम वेतन पर काम करना मुश्किल हो रहा है। एक तरफ सरकार केवल टीईटी पास करने वाले शिक्षकों को रेगुलर करने का प्रचार कर रही है, दूसरी तरफ उन्हें कम वेतन पर रखा गया है। इस मौके पर दविंदर सिंह, बलराज जोशी, हरमिंदर, कुलदीप, लाल सिंह, अवतार मान, कर्मजीत सिंह और दविंदर रहल मौजूद रहे।