हंगामे के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए एक आधिकारिक बयान जारी किया है। प्रबंधन ने इन सभी दावों को पूरी तरह खारिज करते हुए बताया कि परिसर में किसी भी प्रकार की ऐसी कोई घटना नहीं घटी है।
पटियाला की एक निजी यूनिवर्सिटी में एक सोशल मीडिया अफवाह के बाद शुक्रवार देर रात बवाल हो गया। उग्र छात्रों ने पुलिस की गाड़ी के शीशे तोड़ दिए और पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई व मारपीट की। कुछ छात्रों ने वीडियो बनाकर पुलिसकर्मियों पर शराब पीने के गंभीर आरोप भी लगाए।
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दरअसल यूनिवर्सिटी में शुक्रवार को कुछ अफवाहें फैल गई। कैंपस में किसी लड़की की मौत हो गई है। वहीं लड़की गायब होने की भी अफवाह फैली। साथ ही ये भी चर्चा होने लगी कि कोई पंडित लड़की से मिलने आए थे।
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हंगामे के बाद यूनिवर्सिटी प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए एक आधिकारिक बयान जारी किया है। प्रबंधन ने इन सभी दावों को पूरी तरह खारिज करते हुए बताया कि परिसर में किसी भी प्रकार की ऐसी कोई घटना नहीं घटी है।
यूनिवर्सिटी की तरफ से कहा गया कि कुछ असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर यह अफवाह फैलाई। यूनिवर्सिटी में ऐसा कुछ नहीं हुआ है। पंडित के लड़की से मिलने आने की अफवाह पर यूनिवर्सिटी ने स्पष्ट किया कि असल में वे एक अभिभावक थे और अपनी ही बेटी से मिलने आए थे। प्रबंधन ने साफ कहा कि कोई भी माता-पिता या परिजन अपनी बेटी से मिलने के लिए यूनिवर्सिटी आ सकते हैं।
यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने छात्रों द्वारा पुलिस की गाड़ी तोड़ने और पुलिसकर्मियों पर किए गए हमले पर टिप्पणी नहीं की। यूनिवर्सिटी ने कहा कि इस संबंध में पुलिस विभाग ही अपनी आधिकारिक स्टेटमेंट जारी करेगा। वहीं पुलिस ने सभी चर्चाओं को विराम देते हुए कहा कि यूनिवर्सिटी में किसी छात्रा की माैत नहीं हुई है। वे जांच कर रहे हैं।
फिलहाल, यूनिवर्सिटी प्रशासन ने छात्रों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। पुलिस प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले में उपद्रवी छात्रों की पहचान कर सख्त कानूनी कार्रवाई किए जाने की संभावना है।