पंजाब में बिजली की कमी को पूरा करने के लिए पावरकाम अब हिमाचल प्रदेश के हाइड्रो प्रोजेक्ट से महंगे दामों पर बिजली खरीदने जा रहा है।
यह बिजली शार्ट टर्म समझौते के तहत खरीदी जाएगी। इसके तहत शुक्रवार से ही पंजाब को बिजली मिलना शुरू हो जाएगी। इससे सरकार के पंजाब को पावर सरप्लस स्टेट कहने के दावों की हवा निकल गई है। वहीं खास बात यह है कि यह शार्ट टर्म पावर परचेज पैडी सीजन से पहले ही की जा रही है। अमूमन इसकी जरूरत पैडी सीजन में ही पड़ती है।
पावरकाम ने इस बार मानसून कमजोर रहने की खबरों को ध्यान में रखते हुए कुछ समय पहले ही शार्ट टर्म पावर परचेज के लिए टेंडर निकाले थे। अब पावरकाम इन टेंडरों के तहत हिमाचल प्रदेश के करचम वांगटू हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट से बिजली खरीदने जा रहा है। इस हाइड्रो प्रोजेक्ट से पंजाब को शुक्रवार से बिजली मिलना शुरू हो जाएगी। पंजाब को रोजाना 72 लाख यूनिट बिजली मिलेगी, जो प्रति यूनिट तीन रुपये 33 पैसे के हिसाब से पड़ेगी।
648 लाख यूनिट बिजली खरीदी जाएगी
इस हाइड्रो प्रोजेक्ट से पावरकाम 31 मई तक बिजली खरीदेगा और कुल 648 लाख यूनिट बिजली खरीदी जाएगी। इस तरह से पावरकाम को इस शार्ट टर्म समझौते के तहत महंगी बिजली खरीदने पर करोड़ों रुपये खर्च करने पड़ेंगे। अगर यही बिजली पावरकाम के अपने थर्मल प्लांटों में जनरेट की जाए, तो प्रति यूनिट दो रुपये 36 पैसे के हिसाब से पड़ेगी। कोयले के संकट की वजह से थर्मल प्लांट अपनी पूरी क्षमता पर नहीं चलाए जा रहे हैं।
और भी खरीदी जा सकती है बिजली
आने वाले दिनों में पावरकाम और भी बिजली महंगे दामों पर शार्ट टर्म समझौतों के तहत खरीदने की योजना बना रही है। टेंडरों में दिए रेटों को लेकर अभी बातचीत चल रही है, जिसके फाइनल होने के बाद ही बिजली खरीदी जाएगी।