पटियाला में पीआरटीसी डिपो के गेट पर मंगलवार को रोष रैली करते रिटायर मुलाजिम।
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मांगों को लेकर सरकार व मैनेजमेंट के अड़ियल रवैये से गुस्साए पीआरटीसी के रिटायर कर्मचारियों ने मंगलवार को कारपोरेशन के पटियाला डिपो के गेट पर रोष रैली की।
इस मौके पर सेवामुक्त मुलाजिमों की लंबे समय से लटकते आ रहे करोड़ों रुपये के बकाया का भुगतान, पेंशनें समय पर देने, सरकार से कारपोरेशन को माली मदद देने समेत और कई जायज मांगें उठाई गईं। इनके पूरा न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी गई।
पीआरटीसी रिटायर्ड वर्कर्स भाईचारा यूनियन (एटक) के बैनर तले दी इस रैली को संबोधित करते हुए प्रधान भिंदर सिंह, चेयरमैन राम सरूप, सरपरस्त निर्मल सिंह धालीवाल ने कहा कि पंजाब सरकार की निजीकरण और मुलाजिम विरोधी नीतियों के कारण पीआरटीसी के मौजूदा व सेवामुक्त कर्मचारियों की मुश्किलों में वृद्धि हो रही है। इन्हें हल करने के लिए सरकार कोई रुचि नहीं ले रही है।
हालात यह हैं कि रिटायर मुलाजिमों को हर महीने पेंशन देरी से मिल रही है। रिटायरियों के लिए अपने परिवारों का गुजारा करना मुश्किल हो रहा है। पिछले पांच-छह सालों से सेवामुक्ति के बकाया नहीं दिए जा रहे हैं। वर्करों की सुविधाओं में कटौतियां की जा रही हैं। पंजाब सरकार की ओर से कारपोरेशन को कोई आर्थिक मदद नहीं दी जा रही है। धालीवाल ने कहा कि डीजल की कीमतों में बार-बार बढ़ोतरी के कारण पीआरटीसी पर वित्तीय बोझ बढ़ रहा है।
बसों के स्पेयर पार्ट्स के रेट भी बढ़ते जा रहे हैं।
मुलाजिम लीडरों ने मांग की कि पेंशन स्कीम 1992 से वंचित रह गए वर्करों को पेंशन के दायरे में लाया जाए। हर एक डिपो में पेंशनरों के लिए वाजिब पेंशनर भवन मुहैया कराया जाए। पेंशन समय पर मिलनी यकीनी बनाई जाए। पंजाब सरकार की ओर से पीआरटीसी के बनते पैसे समय पर अदा किए जाएं।