मांगों को लेकर सरकार के अड़ियल रवैये से गुस्साए बिजली मुलाजिमों ने माल रोड पर पावरकॉम के हेडआफिस के सामने जोरदार धरना दिया।
पीएसईबी इंप्लाइज ज्वाइंट फोरम के बैनर तले दिए इस धरने में बार्डर जोन अमृतसर, सेंट्रल जोन लुधियाना, वेस्ट जोन बठिंडा, बठिंडा थर्मल, लहरां मोहब्बत प्लांट के बिजली कर्मचारियों ने बड़ी गिनती में हिस्सा लिया। इस मौके पर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। मांग की गई कि बिजली मुलाजिमों के पे बैंड में वृद्धि की जाए।
ठेकेदारी सिस्टम खत्म करने समेत और कई जायज मांगें उठाई गईं। जिनके पूरा न होने पर वर्क टू रूल और सीएमडी समेत डायरेक्टरों के खिलाफ फील्ड में 20 नवंबर तक काले झंडों के साथ प्रदर्शन जारी रखने और मुख्यमंत्री व डिप्टी सीएम के खिलाफ संगत दर्शनों में काले झंडों के साथ रोष प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन देने की चेतावनी दी गई।
धरने को संबोधित करते हुए ज्वाइंट फोरम के नेताओं जगतार सिंह उप्पल, सुरिंदर सिंह पहलवान, कर्मचंद भारद्वाज, हरभजन सिंह, बीएस सेखों ने सरकार से मांग की कि 15 जनवरी, 2016 के समझौते के अनुसार एक दिसंबर 2011 से पे बैंड में वृद्धि करने, आउट सोर्सिंग/ठेकेदारी सिस्टम बंद करने, महकमे के थर्मल पहल के आधार पर पूरी क्षमता के अनुसार चलाने, संशोधित ग्रेड पे वर्कचार्जों पर लागू करने, 23 साल की सेवा बाद तरक्की वृद्धि देने, खाली पदों को नई भर्ती के जरिये भरने, पार्ट टाइम स्वीपर की खत्म की सेवाओं को वापस लेने की मांग की गई।
साथ ही कहा कि पावरकॉम मैनेजमेंट ने प्राइवेट थर्मलों को गैरजरूरी लाभ देने के लिए पंजाब के सरकारी थर्मल बंद करने का फैसला कर लिया है। पंजाब के सभी 726 ग्रिड सब स्टेशन के कामों को भी प्राइवेट कंपनियों को देने का फैसला कर लिया है। इससे 5000 से अधिक रेगुलर पद खत्म कर दिए जाएंगे। यह सब सहन नहीं किया जाएगा और इसके खिलाफ आंदोलन छेड़ा जाएगा।