संगरूर में सफेद मक्खी से बर्बाद फसल पर ट्रैक्टर चलाता किसान।
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क्षेत्र में सफेद मक्खी का किसानों की बीटी काटन की फसल पर कहर जारी है और किसान बेबस नजर आ रहे हैं। सफेद मक्खी की चपेट में आई फसल को जोतने के सिवाए किसानों के पास और कोई चारा नजर नहीं आ रहा है।
मूनक के गांव फुलद के किसान कपूरा सिंह ने बताया कि वह पिछले लंबे समय से बीटी काटन की फसल की बिजाई करते आ रहे हैं किंतु दो साल से सफेद मक्खी ने इसकी फसल को तबाह कर दिया। पिछले साल की तरह इस साल भी उन्होंने अच्छी आय की उम्मीद लगाकर नरमे की फसल लगाई थी किंतु सफेद मक्खी ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
सफेद मक्खी के हमले से नरमे की फसल को कोई फल नहीं लगा और पत्ते भी धीरे धीरे सिकुड़ने शुरू हो गए। हालांकि अपनी फसल बचाने के लिए उन्होंने दो से तीन बार दवा का छिड़काव किया किंतु कोई फर्क नहीं पड़ा। आखिरकार उन्होंने अपने एकड़ में लगे नरमे को जोतने के लिए मजबूर होना पड़ा।
इसी तरह गांव मकोरड साहिब में किसान करनैल सिंह ने बताया कि उन्होंने पांच कनाल जमीन पर नरमे की बिजाई की थी और अपनी फसल बचाने के लिए कृषि विशेषज्ञों के मशवरे से दवाओं का छिड़काव किया। इसके बावजूद उनकी नरमे की फसल सफेद मक्खी की चपेट में आ गई और उन्हें अपनी पांच कनाल जमीन पर लगे नरमे को जोतना पड़ा। किसानों ने सरकार और संबंधित विभाग से उचित मुआवजे की मांग की है।