अमृतसर की ओर आ रही कर्मभूमि एक्सप्रेस के चार जनरल कोचों में शुक्रवार दोपहर अचानक आग लगने से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। ट्रेन के डिब्बों से धुएं का गुबार और आग की लपटें उठती देख यात्रियों में चीख-पुकार शुरू हो गई।
अपनी जान बचाने के लिए यात्री चलती ट्रेन से नीचे उतरने लगे। घटना राजपुरा के पास हुई। रेलवे कर्मचारियों, पुलिस और दमकल विभाग की टीमों ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव अभियान चलाया। सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, अब तक किसी यात्री के हताहत होने या घायल होने की सूचना नहीं है।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, ट्रेन नंबर 12508 अमृतसर-न्यू जलपाईगुड़ी कर्मभूमि एक्सप्रेस शुक्रवार दोपहर 12:58 बजे फतेहगढ़ साहिब जिले के साधुगढ़ रेलवे स्टेशन से रवाना हुई थी। इसके कुछ ही समय बाद राजपुरा के नजदीक ट्रेन के जनरल कोचों में आग लग गई। आग की चपेट में चार जनरल कोच आ गए। बताया गया कि इंजन से पांचवें नंबर पर स्थित कोच नंबर 265287GS में आग भड़की और देखते ही देखते धुआं और लपटें आसपास के डिब्बों तक फैल गईं। इससे ट्रेन में सवार यात्रियों के बीच दहशत फैल गई।
धुआं भरते ही जान बचाने के लिए बाहर निकले यात्री
ट्रेन के कोचों में आग और धुआं फैलने के बाद यात्रियों को संभलने का मौका तक नहीं मिला। डिब्बों के अंदर धुआं भरने लगा तो लोग अपना सामान छोड़कर बाहर निकलने लगे। कई यात्री जान बचाने के लिए ट्रेन से नीचे उतर गए। अचानक हुई इस घटना से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। रेलवे प्रशासन को सूचना मिलने के बाद पुलिस और दमकल विभाग की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और आग बुझाने के साथ यात्रियों को सुरक्षित निकालने का अभियान शुरू किया।
अंबाला से भेजी गई मेडिकल रिलीफ ट्रेन
आपात स्थिति से निपटने के लिए रेलवे ने अंबाला से दोपहर 1:20 बजे दुर्घटना राहत चिकित्सा ट्रेन रवाना की। इसमें एक्सीडेंट रिलीफ मेडिकल इक्विपमेंट (एआरएमई) उपलब्ध था, ताकि जरूरत पड़ने पर यात्रियों को तत्काल चिकित्सा सहायता दी जा सके।
आग लगने के कारणों की जांच शुरू
फिलहाल ट्रेन के चार जनरल कोचों में आग लगने के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है। रेलवे अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है। आग किस वजह से लगी और इसकी शुरुआत कैसे हुई, इसका पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।