किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल से मिलते पंजाब के पटियाला की एडीसी और एसपी। संवाद
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पंजाब व हरियाणा के बॉर्डर पर बैठे किसानों ने दिल्ली कूच की दोबारा तैयारी कर ली है। केंद्र से बातचीत का बुलावा न आने के चलते किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल का अनशन भी जारी है। इसी बीच किसानों ने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार ने उनके सोशल मीडिया अकाउंट्स को निशाना बनाना शुरू कर दिया है।
भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह का फेसबुक पेज बंद हो गया है, जिसके चलते किसानों में रोष है। किसान नेता गुरअमनीत सिंह ने कहा कि केंद्र के इशारे पर ही ऐसा किया जा रहा है। यूनियन 14 दिसंबर को दिल्ली कूच करने वाली है। जिस तरह से हरियाणा सरकार की तरफ से शांतिपूवर्क प्रदर्शन कर रहे किसानों पर जुल्म किया जा रहा है, उसे छिपाने के लिए ही अब किसानों के सोशल मीडिया अकाउंट बंद किए जा रहे हैं। इसी तरह बाकी किसान समर्थक सोशल मीडिया अकाउंट्स को भी निशाना बनाया जा रहा है।
बॉर्डरों पर मनाया गया अरदास दिवस
किसान जत्थेबंदियों के आह्वान के मुताबिक बुधवार को शंभू व खनौरी बार्डर पर अरदास दिवस मनाया गया। इस मौके पर किसानों ने मोर्चे की कामयाबी व आमरण अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की अच्छी सेहत की कामना को लेकर अरदास की। इस मौके किसान नेता अभिमन्य कोहाड़ ने बताया कि 16 दिनों से अनशन पर चल रहे डल्लेवाल की सेहत लगातार बिगड़ रही है। उनका करीब 12 किलो वजन कम हो गया है। लीवर व किड़नी पर भी अनशन का बुरा असर पड़ रहा है। डल्लेवाल ने कैंसर की दवाएं तक लेना बंद कर दी है।
10 महीने पूरे होने पर बार्डरों पर होंगे इकट्ठा
किसान नेता तेजवीर सिंह ने एलान किया कि शुक्रवार को किसानी आंदोलन 2.0 के 10 महीने पूरे होने जा रहे हैं। इस दिन बॉर्डरों पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठ किए जाएंगे। उन्होंने अधिक से अधिक गिनती में किसानों को लंगर लेकर बॉर्डरों पर पहुंचने की अपील की। तेजवीर सिंह ने कहा कि शनिवार को तीसरी बार 101 किसानों का जत्था दिल्ली कूच भी करने जा रहा है। इसके लिए किसान पूरी तरह से तैयार हैं।
पंधेर ने दी चेतावनी
बुधवार शाम शंभू बॉर्डर पर मीडिया से बात करते किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने चेतावनी दी कि पंजाब एक बार्डर स्टेट है। इसलिए परिस्थितियां हाथ से न निकल जाएं, इसलिए केंद्र सरकार तुरंत किसानों के साथ बात करें। पंधेर ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान व पंजाब के डीजीपी से भी अपील की कि वह इस संबंध में केंद्र पर दवाब बनाएं। वरना बॉर्डरों पर कोई ऐसी घटना न हो जाए, जो सुखद न हो।
केंद्र और हरियाणा सरकार ने बंद किए रास्ते
पंधेर ने केंद्र पर हमलावर होते इसे किसान विरोधी बताया। उन्होंने कहा कि बॉर्डरों पर रास्ते किसानों ने नहीं, बल्कि हरियाणा सरकार ने केंद्र की शह पर किए हैं। बावजूद इसके बदनाम किसानों को किया जा रहा है। पंधेर ने कहा कि किसानों की मांग एमएसपी की कानूनी गारंटी है, जिसे लेकर ही आंदोलन समाप्त किया जाएगा। सुप्रीम कोर्ट की ओर से बनाई कमेटी द्वारा बलाई सभी बैठकों में किसानों ने भाग लेकर अपनी बात रखी है। इसलिए यह आरोप कि किसान बैठकों में नहीं गए, सरासर गलत है।