पंजाब के अमृतसर के मजीठा में जहरीली शराब पीने से मौतों का आंकड़ा बढ़कर अब 21 पहुंच गया है। इस घटना से आम आदमी पार्टी की सरकार को विपक्ष घेर रहा है। क्योंकि मान सरकार पंजाब में नशे के खिलाफ युद्ध स्तर पर अभियान चला रही है। ऐसे में अमृतसर में नकली शराब पीने से 21 लोगों की मौत की घटना से बवाल मच गया है।
इधर दूसरी तरफ, नकली और जहरीली शराब के खिलाफ लड़ाई को लेकर पटियाला पुलिस को हाथ बड़ी सफलता लगी है। पटियाला जिला पुलिस ने आबकारी विभाग के साथ मिलकर 600 लीटर मेथेनॉल केमिकल की बड़ी खेप पकड़ी है। जब्त किए गए इस मेथेनॉल केमिकल का उपयोग अवैध शराब के उत्पादन में किए जाने का संदेह है।
एसएसपी वरुण शर्मा ने बताया कि मंगलवार सुबह अमृतसर के मजीठा में नकली शराब पीने से कईं लोगों की मौतें हो जाने की दुर्भाग्यपूर्ण घटना के बाद डीआईजी बॉर्डर रेंज की ओर से सूचना मिली थी कि दिल्ली के ट्रांसपोर्ट नगर से मेथेनॉल केमिकल की खेप पंजाब आ रही है।
डीजीपी पंजाब से आदेश मिलते ही पटियाला पुलिस ने आबकारी विभाग के सहयोग से तुरंत सतर्कता बरतते हुए मेथेनॉल की खेप के साथ एक ट्रक पकड़ा है। इस ट्रक को बाबा बंदा सिंह बहादुर शंभू-बनूड रोड पर तेपला पुलिस चौकी के नजदीक पकड़ा गया। दिल्ली से पंजाब आ रहे इस ट्रक नंबर पीबी 10 एच 1577 की तेपला के पास तलाशी के दौरान तीन ड्रमों में अन्य कई सामानों के बीच छिपाकर रखा गया 600 लीटर मेथेनॉल केमिकल बरामद किया गया। उन्होंने बताया कि ट्रक चालक को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है।
एसएसपी वरुण शर्मा ने आगे बताया कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि मेथेनॉल की यह खेप दिल्ली से लाई जा रही थी, जिसके तार मजीठा नकली शराब कांड से जुड़े होने का अंदेशा है। एसएसपी ने कहा कि अगर यह मेथेनॉल की खेप अपने गंतव्य तक पहुंच जाती तो इससे तैयार नकली और जहरीली शराब के बिकने से और कईं लोगों की जान जा सकती थी।
एसएसपी ने बताया कि नकली शराब के तस्करों के खिलाफ की गई कार्रवाई के दौरान एसपीडी गुरबंस सिंह बैंस, डीएसपी हरमनजीत सिंह चीमा, आबकारी विभाग के सहायक कमिश्नर राजेश ऐरी की देखरेख में गठित टीम में आबकारी ईटीओ रुपिंदरजीत सिंह, थाना शंभू के प्रमुख इंस्पेक्टर हरप्रीत सिंह, आबकारी इंस्पेक्टर हरजिंदर सिंह, गोपाल शर्मा व रजनीश कुमार के साथ आबकारी पुलिस व तेपला चौकी इंचार्ज जजविंदर सिंह शामिल रहे।