पंजाबी यूनिवर्सिटी के दो मुलाजिमों की ओर से नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। एक आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और अदालत में पेश करने के बाद सोमवार तक रिमांड ले लिया है।
थाना अर्बन अस्टेट से मामले के जांच अधिकारी एएसआई हरजीत सिंह ने बताया कि दो सगे भाइयों गुरध्यान सिंह और बूटा सिंह निवासी गांव फनेड़ा जिला संगरूर ने पुलिस के पास बयान दिया था कि वह लोग पढ़ाई पूरा करने के बाद बेरोजगार थे। इसी दौरान वह दोनों पंजाबी यूनिवर्सिटी के सेवादार हरदीप सिंह निवासी प्रोफेसर कालोनी पटियाला और क्लर्क पवन कुमार के संपर्क में आए।
इन दोनों ने उन्हें यूनिवर्सिटी में नौकरी दिलाने का झांसा दिया और गुरध्यान सिंह से नौकरी पर लगवाने के लिए दो लाख 98 हजार, बूटा सिंह से दो लाख और वरिंदर सिंह नाम के एक अन्य युवक से भी एक लाख 50 हजार रुपये ले लिए। लेकिन बाद में आरोपियों ने उन तीनों की नौकरियां नहीं लगवाई। जब तीनों युवकों ने अपने पैसे वापस मांगे, तो चेक दे दिए। जो बैंक में लगाने पर बाउंस हो गए।
पुलिस ने इस शिकायत के आधार पर जब मामले में जांच की, तो पीयू के उक्त मुलाजिमों की ओर से ठगे दो और लोगों के नाम सामने आए। इन दोनों से भी आरोपियों ने नौकरी लगवाने के लिए लाखों रुपये ले रखे हैं। जांच के आधार पर पुलिस ने पीयू के दोनों मुलाजिमों को नामजद कर लिया है। जिनमें से सेवादार हरदीप सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार करके अदालत में पेश करके सोमवार तक का पुलिस रिमांड ले लिया है।