बीबीएमबी से मुख्य अभियंता पद से सेवानिवृत्त हुए हरियाणा कोटे के अधिकारी विनोद शर्मा का सतलुज दरिया से बरामद किया गया।
जानकारी
के अनुसार विनोद शर्मा आठ नवंबर से बीबीएमबी के विश्रामगृह भाखड़ा सदन में
अपनी पत्नी अलका और बेटे प्रशांत के साथ रह रहे थे। वीरवार सुबह वे अपने
कमरे से सैर के लिए निकले थे, लेकिन काफी देर तक नहीं लौटे। परिवार ने
पुलिस को जानकारी दी।
कुछ देर बाद ही पुलिस को विनोद शर्मा की
चप्पल, स्वेटर और एक नोट सतलुज सदन के पास सतलुज के तट पर मिले। इस पर
उन्हें ढूंढने के लिए बीबीएमबी के गोताखोरों की टीम को बुलाया गया। टीम के
प्रभारी बीरबल के नेतृत्व में रोहित चंदेल, हेमराज और भूपिंद्र सिंह ने
विनोद शर्मा का शव ढूंढ लिया। जानकारी के अनुसार पुलिस को मिले नोट में
आत्महत्या का कारण दिमागी परेशानी बताया गया है।
थाना प्रभारी सब
इंस्पेक्टर कुलवीर सिंह ने कहा कि रिटायर होने के बाद विनोद शर्मा बैंक का
हिसाब किताब करने के लिए नंगल आए थे। विनोद शर्मा 31 मार्च को ही बीबीएमबी
से बतौर मुख्य अभियंता रिटायर होकर गुड़गांव स्थित अपने घर मकान नंबर 315,
सेक्टर 56 में रहने चले गए थे।
बैंक के काम से आठ तारीख से नंगल
में भाखड़ा सदन में रह रहे थे। मुख्य अभियंता बनने से पहले वह 1985 को
एसडीओ फिर एक्सईएन, डायरेक्टर वाटर रेगुलेशन के बाद एसई बनकर सुंदर नगर,
एसई हेडक्वार्टर और एसई बीडीसी जैसे पदों पर अपनी सेवाएं दे चुके थे।