एएसआई के खिलाफ केस दर्ज, थाना इंचार्ज खिलाफ जांच के आदेश
सन्नौर थाने में सात युवकों को अवैध हिरासत में रखने का मामला
अवैध हिरासत में रखने और मारपीट करने के आरोप में थाना सन्नौर में दर्ज हुआ मामला
अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। सन्नौर पुलिस थाने में सात नौजवानों की मारपीट करने और उन्हें अवैध रूप से हिरासत में रखने के मामले में बुधवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी एएसआई नरिंदर सिंह के खिलाफ सन्नौर थाने में ही केस दर्ज कर लिया गया। एएसआई के खिलाफ अवैध रूप से हिरासत में रखने और मारपीट करने के आरोप में केस दर्ज हुआ है। जबकि मामले में अपने अधीनस्थ कर्मचारियों पर पूरा कंट्रोल न रखने व ढीली सुपरविजन होने कारण सन्नौर थाने के एसएचओ इंस्पेक्टर गुरिंदर सिंह बल के खिलाफ भी विभागीय जांच करने के आदेश एसएसपी ने दे दिए हैं।
गौरतलब है कि इससे पहले केस के सामने आने के बाद एसएसपी मनदीप सिंह सिद्धू ने उक्त एएसआई को नौकरी से निलंबित करके लाइन हाजिर कर दिया था। इसकी पुष्टि करते हुए एसएसपी मनदीप सिंह सिद्धू ने बताया कि एएसआई नरिंदर सिंह के खिलाफ थाना सन्नौर में आईपीसी की धारा 323 और 342 अधीन एफआईआर नंबर 50 तारीख 8 अगस्त 2018 के तहत दर्ज किया गया है। जबकि मामले में अपने अधीनस्थ कर्मचारियों पर पूरा कंट्रोल न रखने व ढीली सुपरविजन होने कारण सन्नौर थाने के एसएचओ इंस्पेक्टर गुरिंदर सिंह बल के खिलाफ भी विभागीय जांच करने के आदेश एसएसपी ने दिए हैं।
सिद्धू ने बताया कि यह पुलिस केस एसपी (सिटी) केसर सिंह की तरफ से गई जांच पड़ताल में आई प्राथमिक रिपोर्ट के आधार पर दर्ज किया गया है। इसकी आगे की पड़ताल डीएसपी ग्रामीण गुरदेव सिंह धालीवाल करेंगे।
एसएसपी ने बताया कि इस मामले के असली कारणों का पता लगाने के लिए डिप्टी कमिश्नर कुमार अमित के आदेशों पर चल रही मजिस्ट्रियल जांच की रिपोर्ट आने के बाद अगर कोई अन्य भी आरोपी सामने आया तो उसके विरुद्ध भी बनती कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। गौरतलब है कि गुरूद्वारे जा रहे सात युवकों को सन्नौर थाना पुलिस ने सन्नौर के पेट्रोल पंप के पास रोक कर उनके साथ मारपीट की थी। बाद में थाने ले जाकर युवकों के कपड़े उतरवा कर उनके साथ अश्लील हरकतें भी की गई थीं।