आशा वर्करों की पुलिस से हाथापाई
मोती महल की तरफ निकाले रोष मार्च को पुलिस ने रोका
सरकारी मुलाजिमों की तरह पूरा स्केल देने की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के आवास स्थान मोती महल की तरफ वीरवार को रोष मार्च करने जा रही आशा वर्करों को पुलिस ने बैरिकेड लगाकर रोक लिया। जिससे आशा वर्कर भड़क गईं और उन्होंने मोती महल की तरफ जाने की जिद पकड़ ली। इस दौरान आशा वर्करों व महिला पुलिस मुलाजिमों के बीच जमकर धक्कामुक्की हुई। भारी पुलिस फोर्स के कारण आशा वर्कर सीएम के मोती महल तक पहुंचने में असफल रहीं। आशा वर्करों ने महिला पुलिस मुलाजिमों के साथ धक्का-मुक्की करके आगे बढ़ने की कोशिश की। महिला पुलिस कर्मचारियों ने लाठियों के सहारे भी आशा वर्करों को रोका। इस दौरान पुलिस व आशा वर्करों के बीच हाथापाई भी हो गई। इसके बाद किसी तरह से पुलिस द्वारा माहौल को शांत किया गया। इस मौके पर आशा वर्कर यूनियन की नुमाइंदों दुरगो बाई व जसविंदर कौर ने कहा कि सरकार उनकी मांगें मानने की बजाय उनके साथ मारपीट कर रही है।