अवैध निर्माण पर निगम ने कसा शिकंजा
अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के शहर पटियाला में अब अवैध निर्माण करने वालों की खैर नहीं है। अब अवैध निर्माण करने वाले नगर निगम की मामूली सी फीस देकर खुद को बचा नहीं पाएंगे। डा. अंबेडकर हाल में सोमवार को आयोजित नगर निगम की जनरल हाउस बैठक में प्रस्ताव पास करके अवैध निर्माण करने वालों के खिलाफ जुर्माना राशि 500 रुपये से बढ़ाकर 20 हजार रुपये कर दी। साथ ही ऐसा करने वालों के खिलाफ पर्चा दर्ज करके सजा दिलाने का भी फैसला लिया गया। इसके लिए पटियाला म्युनिसिपल बिल्डिंग बायलाज 2010 में संशोधन किया गया है। बैठक में मेयर अमरिंदर सिंह बजाज, कमिश्नर गुरप्रीत सिंह खहिरा, सीनियर डिप्टी मेयर जगदीश राय चौधरी, डिप्टी मेयर हरिंदर कोहली आदि मौजूद रहे। इस मौके पर कुल 50 एजेंडों में से एक-दो को छोड़कर बाकी सभी पास कर दिए गए।
बैठक में अकालियों व कांग्रेसियों ने एकजुटता के साथ नाजायज बिल्डिंगों का मुद्दा जोर-शोर से उठाया। इस पर नगर निगम के कमिश्नर ने कहा कि उन्होंने भी जब से निगम में चार्ज संभाला है, लगभग 70 फीसदी शिकायतें उनके पास नाजायज बिल्डिंगों की आती हैं। ऐसी शिकायतों से निपटने के लिए ही अब फैसला लिया गया है कि हर एक वह बिल्डिंग जिसका नक्शा पास होगा, उसी समय से उस इलाके के इंस्पैक्टर का नाम उस नक्शे में तय कर दिया जाएगा। वह बिल्डिंग की नींव डालने से लेकर छत पड़ने तक जिम्मेदार होगा। बीच में चाहे उसका कहीं अन्य जगह ट्रांसफर क्यों न हो जाए। साथ ही बताया कि अवैध निर्माणों को ढहाने की कार्रवाई में बाधा न आए, इसके लिए जिन इलाकों में जेसीबी नहीं पहुंचती, वहां इलेक्ट्रिक हैमर और दो इलेक्ट्रिक बार कटर खरीदने का फैसला किया गया है। साथ ही इस मौके पर शहर में बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों का मुद्दा भी उठाया गया। कमिश्नर ने कहा कि वह खुद संबंधित अधिकारियों से फीड बैक लेकर काम कराएंगे।
शहर में बनेंगे 24 अंडर ग्राउंड डस्टबिन
साथ ही शहर को साफ-सुथरा बनाने के लिए निगम की ओर से अंडर ग्राउंड डस्टबिन बनाने का प्रस्ताव भी बैठक में पास किया गया। पटियाला के अनाज मंडी इलाके में ऐसा ही सेमी अंडरग्राउंड बिन एक महीने पहले लगाया गया था, जो सफल हो गया है। अब शहर के अन्य इलाकों में 24 जगहों पर इन अंडरग्राउंड डस्टबिन को बनाया जाएगा। इस डस्टबिन से स्पेशल ट्रक कूड़ा उठाने के बाद लोड करके डंपिंग ग्राउंड में लेकर जाएगा। अंडरग्राउंड डस्टबिन बनने से गंदगी व कूड़ा कर्कट सड़कों पर नहीं फैलेगा।
मेयर, निगम कमिश्नर के लिए आएंगी इनोवा
मेयर व कमिश्नर के लिए दो नई इनोवा गाड़ियां खरीदने का प्रस्ताव भी पास किया गया। इन गाड़ियों की खरीद पर 29 लाख 51 हजार 580 रुपये का खर्च आएगा। इसके साथ ही वाटर सप्लाई ब्रांच की रिकवरी के लिए भी बुलेरो गाड़ियां खरीदने का फैसला किया गया। इस पर सात लाख 41 हजार 428 रुपये खर्च होंगे। साथ ही निगम की हेल्थ एंड सेनीटेशन ब्रांच के लिए भी नए टिप्पर खरीदने का फैसला लिया गया। यह पांच टिप्पर 29 लाख 38 हजार 815 रुपये के खरीदे जाएंगे।
सीवरमैनों को किया जाएगा पक्का
शहर में पीने वाले पानी की किल्लत को खत्म करने के लिए पानी की टंकियों की देखरेख सही तरीके के साथ करने का फैसला किया गया। जो टंकियां खस्ता हालत में हैं, उनको ढहाने का फैसला लिया गया। जो अभी काम आ सकती हैं, उनको सही तरीके से चलाने का फैसला किया गया। इसके अलावा सीवरमैनों व स्ट्रीट लाइटों पर काम कर रहे मुलाजिमों को पक्का करने और सफाई सेवकों व सीवरमैनों की और भरती करने को हरी झंडी दी गई।