पंजाब कांग्रेस के पूर्व प्रधान नवजोत सिंह सिद्धू से लेकर पंजाबी गायक दलेर मेहंदी, पूर्व आईएएस संजय पोपली के बंद होने के कारण वीआईपी जेल बन चुकी पटियाला की सेंट्रल जेल में मोबाइलों का इस्तेमाल रोके नहीं रुक रहा है। जेल में पिछले तीन माह में 250 मोबाइलों की बरामदगी हो चुकी है और यह सिलसिला जारी है। जेल में कैदियों से मुलाकात करने वालों से मोबाइलों की बरामदगी के साथ-साथ जेल की दीवार के जरिये बाहर से भी पैकेट बनाकर मोबाइल व नशे फेंकने के कई मामले सामने आ रहे हैं। जिसके बाद जेल की सुरक्षा पर लगातार सवालिया निशान लग रहा है, वो भी ऐसे समय में जब यहां बड़े राजनेता और सेलिब्रिटी बंद हैं।
पटियाला जेल में इस समय करीब 2500 कैदी और हवालाती विभिन्न मामलों में बंद हैं। इनमें 11 गैंगस्टर भी शामिल हैं। सूत्रों के मुताबिक ज्यादा खूंखार गैंगस्टरों को पटियाला जेल से बठिंडा व अन्य जेलों में भेजा जा चुका है। जेल में पहले अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्कर जगदीश भोला भी बंद था, लेकिन नवजोत सिंह सिद्धू के जेल में आने के बाद जैसे ही भोला के पास से मोबाइल बरामद किया गया, उसके खिलाफ कार्रवाई करते हुए जेल विभाग ने भोला को गुरदासपुर जेल में शिफ्ट कर दिया था।
इस समय पटियाला जेल में नवजोत सिंह सिद्धू, दलेर मेहंदी, पूर्व आईएएस संजय पोपली बंद हैं, जबकि पूर्व कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया बुधवार को जमानत पर जेल से बाहर आ गए हैं। इससे पहले कांग्रेसी नेता सुखपाल खैरा भी इसी जेल में बंद थे।
पटियाला जेल में बंद कैदियों में मोबाइलों की सप्लाई में अकसर जेल मुलाजिमों की मिलीभगत भी सामने आती रही है। जून 2021 में पटियाला जेल के वीडियो कान्फ्रेंस आपरेटर जतिंदर कुमार निवासी घड़ाम पती डेयरी चौक समाना को पकड़ा गया था। आरोपी की ओर से मोटी रकम वसूल करके कैदियों को मोबाइल व नशे सप्लाई किए जाते थे। पिछले आठ वर्षों से आरोपी यह गलत काम कर रहा था।
जेल सुपरिंटेंडेंट मनजीत सिंह टिवाणा ने बताया कि पंजाब सरकार की ओर से जेल को आर्टिफिशियल सर्विलांस सिस्टम से लैस करने की तैयारी है। इस सिस्टम के तहत कैमरों से जेल की दीवारों के जरिये बाहर से मोबाइलों व नशे के पैकेट फेंकने पर नकेस कसी जा सकेगी।