अमृतसर के श्री गुरु हरिकृष्ण पब्लिक स्कूल के 12वीं के छात्र साहिल द्विवेदी ने एक ऐसा उपकरण तैयार किया है जिससे हजारों मील दूर बैठे किसान भी मोबाइल के जरिए अपना खेत सींच सकेंगे।
मोबाइल की एक मिस्ड कॉल से खेत में लगी पानी की मोटर चलने लगेगी और मिस्ड कॉल से बंद हो जाएगी। यही नहीं यदि खेत में किसी पौधे को पानी की जरूरत होगी तो वह पौधा उपकरण पर ही पानी की मांग करेगा।
किसान मिस्ड कॉल देकर या टाइम सेट करके मोबाइल से ही सिंचाई संबंधी कमांड दे सकते हैं। इस पर मात्र एक हजार रुपये का खर्च आएगा।
साहिल ने बताया कि छह वर्ष पहले जब वह अमृतसर के सेंट मेरी स्कूल में छठी कक्षा में था तो उसकी कक्षा के ही एक छात्र ने बताया कि उसके पिता रात को खेतों को पानी देने जाते हैं।
इससे परिवार के लोगों और उन्हें परेशानी होती है। उसकी परेशानी सुन उनके मन में विचार आया कि कुछ ऐसा बनाया जाए जिससे किसान घर बैठे ही खेतों को सींच सकें।
इस पर उन्होंने एक छोटी सी मोटर तैयार की जो मोबाइल से एक सीमित क्षेत्र में ही चलती थी। मोटर देखकर उनके पिता विजय कुमार द्विवेदी ने कहा कि ऐसा उपकरण तैयार करो जिसका दायरा बड़ा हो। स्कूल के डायरेक्टर फादर रोबी ने भी उनका सहयोग किया।
राष्ट्रपति और मुख्यमंत्री से मिला सम्मान
साहिल ने बताया कि वर्ष नवंबर 2012 में मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने एक समारोह में उन्हें शील्ड और 11 हजार रुपये देकर सम्मानित किया था।
इसके अलावा राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने वर्ष 2013 में दिल्ली में उन्हें सम्मानित किया था। उन्होंने इस बात पर दुख जताया कि उन्हें सम्मानित तो किया गया लेकिन उनके उपकरण को प्रयोग में नहीं लाया गया न ही उन्हें किसी भारतीय वैज्ञानिक के साथ काम करने का मौका दिया गया।
जापान सरकार की ओर से 16 मई 2015 को उन्हें वहां बुलाया गया। 13 दिन तक उन्हें जापान के वैज्ञानिकों के साथ काम करने का मौका मिला। वहां भी उनकी उपलब्धि की खूब प्रशंसा हुई।
ऐसे काम करता है उपकरण
साहिल ने बताया कि जो उपकरण उन्होंने बनाया है उसमें एक मोबाइल फोन फिट करना होता है। उसमें सिम डालकर पानी की मोटर से जोड़ दिया जाता है।
मिस्ड कॉल करने पर मोटर चलनी शुरू हो जाती है। दोबारा मिस्ड कॉल करने पर मोटर बंद हो जाती है।