मामून छावनी में पकड़े गए पाकिस्तानी जासूस इरशाद अहमद का साथी साजिद हुसैन
विधानसभा हलका सुजानपुर के थार और मनवाल इलाके की मस्जिदों से चंदा लेने
के लिए आता था।
यह खुलासा रिमांड में पूछताछ के दौरान साजिद ने
किया। पुलिस मंगलवार को उसे साथ लेकर संबंधित मस्जिदों में गई। वहां उसके
आने की पुष्टि की गई। बीते दिनों आईबी ने मामून छावनी में चल रहे एक निजी
कंपनी के प्रोजेक्ट में मजदूरी का काम कर रहे जम्मू कश्मीर के पुंछ जिला
निवासी पाकिस्तानी जासूस इरशाद अहमद को पकड़ा था। इरशाद से एक मोबाइल फोन
और नक्शा बरामद हुआ था।
उसके मोबाइल से करीब चौदह बार पाकिस्तान बात
हुई। पाक से आई काल ट्रेस करने के बाद आईबी ने इरशाद को गिरफ्तार किया था।
इरशाद की जानकारी के बाद उसके साथी पुंछ निवासी साजिद हुसैन को जम्मू
कश्मीर पुलिस ने पकड़ लिया था। पठानकोट जिले की थाना मामून पुलिस ने पुंछ
से साजिद को लाकर यहां की कोर्ट में पेश किया था। कोर्ट ने साजिद को 18
फरवरी तक के रिमांड पर भेज दिया था।
थाना मामून के प्रभारी राजिंद्र
मंहास ने बताया कि पूछताछ के दौरान साजिद हुसैन ने बताया है कि वह पिछले
लंबे समय से सुजानपुर हल्के के धार व मनवाल में आता रहा है। वह यहां की
विभिन्न मस्जिदों में समाज के नाम पर वह चंदा एकत्रित करने के लिए आता था।
साजिद ने बताया कि अंतिम बार वह जून-जुलाई 2015 में आया था। थाना प्रभारी
ने बताया इस जानकारी के बाद साजिद को इन क्षेत्रों की मस्जिदों में ले जाया
गया। मस्जिद वालों ने पुष्टि की है कि साजिद अक्सर आता था। साजिश से
पूछताछ की जा रही है कि वह इरशाद से मिलने वाली सूचनाएं पाकिस्तान में किसे
भेजता था।