जीरकपुर। पंचकूला निवासी एक महिला ने अपने दो बच्चों के साथ रविवार को जीरकपुर में ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या करने की कोशिश की। रेलवे ट्रैक पर पहुंची महिला को लोगों ने देख लिया और उसकी जान बचा ली। महिला से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ।
महिला का आरोप है कि बीते 8 अगस्त को मकान मालिक ने उसे और उसके बच्चों को मारपीट कर घर से जबरन बाहर निकाल दिया और सारा सामान भी तोड़फोड़ दिया। यही नहीं सात तोले सोने व कुछ चांदी के गहने, 15 हजार नकद, नई वॉशिंग मशीन व कुछ अन्य सामान गायब कर दिए। आरोप है कि इलाके का पार्षद भी मकान मालिक का साथ दे रहा है और मारपीट में भी वह शामिल था। महिला ने कहा कि आरोपियों ने उसे बिजली के खंभे से बांधकर पीटा। इस दौरान वह दो घंटे तक चिल्लाती रही लेकिन किसी ने उसकी मदद नहीं की। सुसाइड नोट में महिला ने मकान मालिक, उसकी पत्नी व बहन के साथ इलाका पार्षद समेत अन्य को जिम्मेदार ठहराया है।
सुसाइड नोट के मुताबिक, महिला करीब डेढ़ वर्ष से पंचकूला के एक इलाके में अपने दो बच्चों के साथ किराए पर कमरा लेकर रह रही थी। मार्च 2024 तक सब ठीक था और वह हर महीने मकान मालिक को 4500 रुपये किराया दे रही थी। वर्ष 2022 में जब उसने यह कमरा किराए पर लिया था तो मकान मालिक ने रेंट एग्रीमेंट नहीं बनवाया था लेकिन उसकी फोटो और आधार कार्ड लेकर रख लिया था।
वर्ष 2024 के मार्च महीने में अचानक मकान मालिक ने उसे कमरा खाली करने को कहा तो उसने 15 से 20 दिन की मोहलत मांगी ताकि दूसरा कमरा ढूंढ सके। आरोप है कि मकान मालिक, उसकी पत्नी और बहन ने 29 मार्च को उसके साथ मारपीट की और रात में ही कमरा खाली करने की चेतावनी दी। इसके बाद उसने मकान मालिक को किराया देना बंद कर दिया और पुलिस और सीएम विंडो पर शिकायत दे दी। झगड़ा ऐसे ही चलता रहा। 8 अगस्त को जब मकान मालिक ने उसे मारपीट कर घर से निकाल दिया तो उसने पुलिस में शिकायत दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। हताश होकर रविवार को वह बच्चों के साथ आत्महत्या करने के लिए रेलवे ट्रैक पर पहुंची।