नयागांव। इलाके में रोजाना लगने वाले ट्रैफिक जाम से निजात पाने के लिए शहर निवासियों ने उच्च अदालत का दरवाजा खटखटाया है। इसका संज्ञान लेते हुए न्यायालय ने संबंधित विभागों को तीन अप्रैल को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस जारी किया है। इस समस्या को लेकर लोगों ने पहले भी कई बार परिषद को शिकायतें दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसे देखते हुए नयागांव के रहने वाले वकील सैम्युल गिल ने अदालत में याचिका दायर की है। इसको लेकर नगर परिषद, डीसी मोहाली आदि को नोटिस हुआ है। दरअसल नयागांव में दिन-प्रतिदिन ट्रैफिक जाम की समस्या बढ़ती जा रही है। खासकर सुबह और दोपहर स्कूल के समय और शाम को ऑफिस की छुट्टी होने पर रोजाना जाम लग जाता है। इस दौरान सड़कों से गाड़ी निकलना तो दूर पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है।
पहले भी मामला पहुंच चुका है अदालत
ट्रैफिक जाम की समस्या नयागांव की बहुत पुरानी समस्या है। इसी कारण से 2019 में भी मामला न्यायालय पहुंचा था और इसके बाद पंजाब के डीआईजी ने जवाब दाखिल किया था कि वे इस पर काम कर रहे हैं। लेकिन तब भी कोई कार्रवाई नहीं हुई थी और 2022 में अदालत की अवमानना का केस भी दायर हुआ था। वकील ने याचिका में कहा है कि परिषद कानून के हिसाब से काम नहीं कर पा रही है। शाम के समय रेहड़ी-फड़ी वाले सड़कों के किनारों पर कब्जा कर लेते हैं, लोग वाहन सड़क पर ही खड़े करके खरीददारी करते हैं। इस वजह से सड़कों पर जगह कम रह जाती है। वहीं, दुकानदारों ने भी सड़कों पर अपना सामान रखा हुआ है और इन्हें रोकने के लिए नगर परिषद नाकाम साबित हो रही है। जबकि परिषद को कानून के हिसाब से रेहड़ी-फड़ी वालों को उचित जगह देने और सड़क पर खड़ी गाड़ियों को हटवाने की जिम्मेदारी परिषद की है। ट्रैफिक को सुचारू ढंग से चलाने की व्यवस्था नयागांव पुलिस की बनती है।