बचन कौर के बेटे रिटायर सूबेदार प्रीतम सिंह के मुताबिक, उनकी माता बचन कौर का जन्म 1899 में हुआ था। बचन कौर के पति जीवन सिंह ब्रिटिश इंडियन आर्मी के सैनिक थे, लिहाजा सैन्य रिकॉर्ड में उनका जन्म वर्ष 1901 दर्ज है। सरकारी रिकार्ड के अनुसार, बचन कौर की आयु 119.6 वर्ष थी। वर्तमान में गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में जापान की 118 वर्षीय केन तनाका का नाम सबसे बुजुर्ग जीवित महिला के तहत दर्ज है। जबकि बचन कौर सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक 119.6 वर्ष जीवित रहीं।
घी और दूध की शौकीन बचन कौर ने जिया स्वस्थ जीवन
बचन कौर दूध और घी की शौकीन थीं। सूबेदार प्रीतम सिंह बताते हैं कि उनकी मां दूध और देसी घी की शौकीन थीं। अंतिम समय तक ठेट ग्रामीण पंजाबी खानपान ही उनकी सेहत का राज रहा। बुजुर्गों को आमतौर पर होने वाली ब्लडप्रेशर व डायबिटीज जैसी समस्याएं भी बचन कौर को नहीं थीं।
प्रीतम सिंह बताते हैं कि कभी कभार ही बुखार या खांसी जैसी परेशानी होने पर ही उन्हें दवा देने जरूरत पड़ती थी। बढ़ती उम्र के कारण कमजोरी होने पर पिछले कुछ समय से उन्होंने काम छोड़ दिया था। इससे पहले वह खेत पर जाने, चारा लाने व दुधारू पशुओं की देखभाल जैसे काम खुद करती थीं।