मोहाली। सरकारी नौकरी में नियमित नहीं किए जाने से नाराज कर्मचारी खेलमंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी के घर का घेराव कर उन्हें बादाम देंगे। इस प्रदर्शन का एलान सर्व शिक्षा अभियान एवं मिड डे मील दफ्तरी कर्मचारी यूनियन ने किया है। यूनियन का कहना है कि राज्य सरकार के मंत्रियों की याददाश्त कमजोर हो गई है। इसलिए उन्हें बादाम दिए जाएंगे।
इससे पहले यूनियन ने 27 फरवरी को खेलमंत्री को बादाम देने की घोषणा की थी। इसके बाद 26 फरवरी को राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी के निजी सचिव नसीब संधु ने एक मार्च को यूनियन के नेताओं से कैबिनेट मंत्री की बैठक करवाने का आश्वासन दिया था। अब यूनियन के नेताओं का कहना है कि आश्वासन देने के बावजूद खेलमंत्री ने उन्हें बैठक के लिए समय और स्थान नहीं बताया। यूनियन के नेताओं में आशीष जुलाहा, विकास कुमार, चमकौर सिंह, प्रवीण शर्मा, दविंदरजीत सिंह, सर्बजीत सिंह, हरप्रीत सिंह और राजिंदर ने कहा कि राज्य सरकार के मंत्रियों और विधायकों की याददाश्त कमजोर हो गई है। इसलिए उन्हें याद दिलाने के लिए खाने को बादाम दिए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि 6 मार्च को फिरोजपुर में खेलमंत्री के घर का घेराव कर राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। यूनियन के नेताओं ने कहा कि 2017 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में एलान किया था कि पार्टी की सरकार बनते ही अस्थायी मुलाजिमों को नियमित कर दिया जाएगा। लेकिन सत्ता में आने के 4 साल बाद भी मुलाजिमों की सुध नहीं ली गई। इन नेताओं का कहना है कि सर्व शिक्षा अभियान के तहत काम कर रहे 9000 अध्यापकों को पंजाब सरकार ने स्थायी कर दिया, लेकिन करीब 900 मुलाजिमों करे अनदेखा किया जा रहा है। यूनियन के नेताओं ने बताया कि मुलाजिमों को पक्का करने के लिए राज्य का वित्त विभाग मंजूरी दे चुका है। इसके बावजूद एजी पंजाब इस काम में रुकावट बने हुए हैं। नेताओं ने बताया कि वे इस समस्या को लेकर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ से भी मिल चुके हैं। जाखड़ ने भी एजी को मुलाजिमों का मामला हल करने के लिए कहा था, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।