मोहाली। राज्य में हो रहे अवैध खनन पर शिकंजा कसने के लिए सरकार ने सख्ती शुरू कर दी है। इस पर नजर रखने के लिए सरकार की ओर पहले प्रवर्तन प्रबंध निदेशक (इंफोर्समेंट डायरेक्टर माइनिंग) का गठन किया गया है। इसका निदेशक पहले वरिष्ठ पुलिस अधिकारी आर.एन. ढोके को नियुक्त किया गया है। अवैध खनन पर शिकंजा कसने के लिए शनिवार को उन्होंने जिले के अधिकारियों के साथ एक बैठक कर विचारविमर्श किया। इस बैठक में पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियोें के अलावा जिन इलाकों में खनन होता है, वहां के डीएसपी, एसएचओ और एक्सईएन भी मौजूद रहे। इस अवसर पर उन्होंने खनन से जुड़े हर मुद्दे पर गंभीरता से चर्चा की और सात ही अंतर्राज्यीय खनन पर सख्ती से निबटने की रणनीति बनाई। इस बैठक में उन्होंने साफ किया है कि अधिसूचित खनन साइटों के बारे में डिस्पले बोर्ड लगाए जाएं। वहीं खनन संबंधी जो समय निर्धारित है, उसका पूरी तरह से पालन किया जाए। किसी भी कीमत पर निर्धारित नियम नहीं टूटने चाहिए। इतना ही नहीं खनन से जुड़ी किसी भी तरह की कोई शिकायत आती है तो उसे गंभीरता से लिया जाए और तुरंत कार्रवाई की जानी चाहिए। साथ ही शिकायत मिलने के बाद निर्धारित नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाने चाहिए। उन्होंने कहा कि खनन से जुड़ी शिकायतों का निपटारा पहल के आधार पर किया जाए। आखिर में उन्होंने कहा कि सभी खनन कार्य पर्यावरण संरक्षण, राजस्व सृजन और कानून के नियम के प्रवर्तन के बीच संतुलन बनाए रखते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी इन कार्यों की समीक्षा की जाएगी।
बता दें कि मोहाली के डेराबस्सी और माजरी ब्लॉक से अवैध खनन के सबसे ज्यादा मामले सामने आते हैं। यहां तक अवैध खनन का मामला नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल तक पहुंचा था। वहीं, दूसरी ओर जिला प्रशासन लाखों रुपये के चालान तक आरोपियों के कर चुका है। इसके बाद केस भी दर्ज किए गए हैं। इस बैठक में एसएसपी मोहाली सतिंदर सिंह और एसपी देहाती रजवोत कौर गरेवाल समेत कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।