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Mohali News: एयरोसिटी-आईटी सिटी में बारिश बनी आफत, बिजली-पानी दोनों ठप

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मोहाली। बारिश एयरोसिटी और आईटी सिटी के लोगों के लिए यह हर बार मुसीबत बनकर आती है। हल्की बारिश होते ही बिजली गुल हो जाती है और पीने के पानी की सप्लाई ठप हो जाती है। शनिवार रात और रविवार सुबह फिर वही हालात बने। जी-ब्लॉक एयरोसिटी और आईटी सिटी के दर्जनों इलाकों में सुबह चार बजे से बिजली बंद हो गई, जो दोपहर तक भी बहाल नहीं हो सकी। इससे लोगों को न सिर्फ पंखों और एसी के बिना भीषण गर्मी में रहना पड़ा, बल्कि घरों में इनवर्टर तक जवाब दे गए।
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बिजली के बिना पानी भी बंद

बिजली की सप्लाई रुकते ही पानी की सप्लाई भी पूरी तरह से बंद हो गई। कई घरों में पानी स्टोर करने की सुविधा नहीं है, इससे लोग नहाने, खाना बनाने तक के लिए पड़ोसियों से पानी मांगने को मजबूर हो गए। एयरोसिटी जी-ब्लॉक रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान कुलदीप सिंह और आईटी सिटी निवासी मेवा सिंह गिल ने बताया कि यह समस्या नई नहीं है। कई सालों से हर बार बारिश में यही हालात बने हैं, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया। उन्होंने गमाडा से मांग की है कि जब तक पुराने बसे सेक्टरों और इलाकों को मूलभूत सुविधाएं जैसे बिजली, पानी, सीवरेज नहीं दी जातीं, तब तक नए सेक्टरों का विस्तार रोका जाए।


मशीन न मिस्त्री, खराबी की जांच भी मुश्किल
लोगों का आरोप है कि पावरकॉम के पास न तो कोई स्पेशलिस्ट है, न ही कोई उपकरण। जिससे जमीन के नीचे बिछी बिजली की लाइनों की सही तरीके से जांच की जा सके। हर बार सिर्फ तोड़फोड़ और अस्थायी मरम्मत करके बिजली चालू कर दी जाती है, जो अगली बारिश में फिर खराब हो जाती है। लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही बिजली और पानी की इस बुनियादी समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे संगठित संघर्ष के लिए मजबूर होंगे। बच्चों और बुजुर्गों को ऐसी गर्मी में बिना बिजली-पानी रहना पड़ रहा है, यह किसी भी तरह स्वीकार्य नहीं।
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बारिश की वजह से जमीन के नीचे बिछी तार में खराबी आ गई थी। इसे ठीक कर दिया गया है। जल्द ही एयरोसिटी जी-ब्लॉक में नया ग्रिड लगाया जा रहा है। खराब हो चुकी तार की जगह नई वायरिंग की जा रही है। जमीन के नीचे की तार की जांच के लिए उपकरण और विशेषज्ञ उपलब्ध हैं और बिजली व्यवस्था को स्थायी रूप से सुधारने के प्रयास तेज़ी से किए जा रहे हैं। -शमिंदर सिंह, एक्सईएन, पावरकॉम
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