नाराज लोग बोले- गंदगी में मच्छरों की है भरमार, समस्या का नहीं हो रहा समाधान
संवाद न्यूज एजेंसी
जीरकपुर। शहर के प्रमुख प्रवेश मार्ग पीरमुच्छला में कूड़े के ढेर को लेकर रविवार को स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में लोगों ने धरना-प्रदर्शन कर नगर परिषद, प्रशासन और पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने सांकेतिक तौर पर करीब 15 मिनट तक सड़क जाम रखा और स्थायी समाधान की मांग की। लोगों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ तो बड़े स्तर पर धरना दिया जाएगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि पीरमुच्छला शहर का प्रमुख प्रवेश मार्ग है। यहां लगे कूड़े के ढेर और उनसे उठने वाली दुर्गंध से आसपास का माहौल खराब हो गया है। कूड़े के आसपास गंदा पानी जमा रहने से मच्छरों की भरमार है। इससे बीमारियों के फैलने का खतरा बना हुआ है। लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा है। प्रदर्शन की सूचना मिलने पर पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष उदयवीर ढिल्लों और मौजूदा पार्षद मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। लोगों ने केवल कूड़ा उठाने के बजाय डंपिंग ग्राउंड, गंदे पानी और दुर्गंध की समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों की मांगें और आगामी योजना
प्रदर्शनकारियों में गुरसेवक पुनिया, गुरजीत कौर पूनिया, सुखबीर सिंह लवली, रमेश और काजल शामिल थे। सुरेंद्र धीमान, विशेष शर्मा, नीतू शर्मा, प्रवीण खट्टर और राजीव मोहन भी मौजूद थे। राजेंद्र रंगा, अनिल धीमान, सावित्री देवी, अनुराधा, प्रीति, जितेंद्र गोयल और लखविंदर शर्मा ने भी प्रदर्शन में हिस्सा लिया। इन सभी ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
जिस कंपनी को टेंडर दिया गया है, उसको लीगल नोटिस भेज दिया गया है। कंपनी को 28 सितंबर तक प्रोसेसिंग प्लांट लगाने का अल्टीमेटम दिया गया है। यदि समय पर प्रोसेसिंग प्लांट नहीं लगता है तो टेंडर रद्द कर कंपनी को ब्लैक लिस्ट कर दिया जाएगा। - गुरप्रीत सिंह विर्क, प्रधान नगर परिषद, जीरकपुर।