संसद में पेश होते ही टोल प्लाजा होंगे फ्री
किसान, मजदूर और कर्मचारी संगठनों ने आर-पार की लड़ाई का एलान
चेतना मार्च और पावरकॉम दफ्तरों के घेराव की तैयारी
संवाद न्यूज एजेंसी
मोहाली। केंद्र सरकार द्वारा लाए जा रहे बिजली संशोधन बिल-2025, बीज बिल-2025 और लेबर कोड्स के खिलाफ जिले में विरोध तेज हो गया है। संयुक्त किसान मोर्चा की पहल पर गुरुद्वारा सिंह शहीदां, सोहाना में किसान, मजदूर और कर्मचारी संगठनों की बैठक हुई जिसमें 20 से अधिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए और केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का एलान किया। बैठक की अध्यक्षता बीकेयू (एकता डकौंदा) के जिला कन्वीनर प्रदीप मुसाहिब ने की। बैठक में मनप्रीत सिंह अमलाला, सरपंच किरपाल सिंह सियाऊ, जगजीत सिंह कराला, त्रिलोचन सिंह, बलविंदर सिंह सहित करीब 60 प्रमुख नेता और पंजाब स्टूडेंट्स यूनियन, स्टूडेंट्स फॉर सोसाइटी व कारखाना मजदूर यूनियन जैसे युवा और छात्र संगठनों ने समर्थन दिया।
संसद में बिल पेश हुआ तो टोल फ्री
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि संसद में बिजली संशोधन बिल पेश किया गया, तो अजीजपुर, भागो माजरा, बड़ौदी और दप्पर टोल प्लाजा दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक पूरी तरह फ्री होंगे।
आगामी आंदोलन की रूपरेखा
16 जनवरी प्रदर्शन: पावरकॉम के सभी निगरानी इंजीनियर कार्यालयों पर तीन घंटे का धरना। बिजली कर्मचारी संगठनों ने समर्थन का आश्वासन दिया।
जन-जागरण अभियान: गांवों में चेतना मार्च और झंडा मार्च।
स्मार्ट मीटर विरोध: नियमित और अनुबंध कर्मचारियों को स्मार्ट मीटर लगाने के लिए मजबूर किया गया, तो एसई कार्यालयों का घेराव किया जाएगा।
सरकार पर आरोप
संगठनों ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार कॉरपोरेट घरानों के इशारे पर बिजली, बीज और श्रम कानूनों में बदलाव कर आम जनता की लूट बढ़ा रही है। मनरेगा योजना को कमजोर करना और नए मजदूर विरोधी कानून लाना भी इसका हिस्सा है।