मोहाली। पुलिस ने भ्रष्टाचार के एक मामले में पंजाब के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री विजय सिंगला को क्लीन चिट दे दी है, जबकि उनके ओएसडी प्रदीप कुमार के खिलाफ जांच अभी भी जारी है। पुलिस ने इस मामले में कोर्ट में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी है। इसके बाद अब कोर्ट इस पर 14 जुलाई को फैसला सुनाएगी। पंजाब के पूर्व मंत्री एवं मौजूदा आप पार्टी के विधायक विजय सिंगला और उनके ओएसडी प्रदीप कुमार के खिलाफ 2022 में मोहाली के फेज आठ पुलिस थाने में भ्रष्टाचार की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था।
यह मामला पंजाब स्वास्थ्य निगम में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत अधिकारी राजिंदर सिंह की शिकायत पर दर्ज किया गया था। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री विजय सिंगला ने अपने ओएसडी प्रदीप कुमार के माध्यम से पंजाब स्वास्थ्य निगम द्वारा करवाए जा रहे करोड़ों रुपये के विकास कार्यों के लिए उनसे एक प्रतिशत कमीशन की मांग की थी। शिकायतकर्ता ने उस समय की ऑडियो रिकॉर्डिंग होने का भी दावा किया था। शिकायत के आधार पर मुख्यमंत्री भगवंत मान के आदेश पर विजय सिंगला और उनके ओएसडी प्रदीप कुमार के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। बाद में दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। इसके बाद विजय सिंगला को स्वास्थ्य मंत्री के पद से हटा दिया गया और भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी जीरो टॉलरेंस नीति के तहत पंजाब सरकार ने इस मामले को व्यापक स्तर पर प्रचारित किया।
इसके बाद से विपक्षी दल इस मामले को लेकर लगातार सरकार की आलोचना कर रहे हैं। मोहाली अदालत में प्रस्तुत नवीनतम क्लोजर रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि शिकायतकर्ता राजिंदर सिंह को क्लोजर रिपोर्ट प्रस्तुत करने पर कोई आपत्ति नहीं है। यदि अदालत 14 जुलाई को पुलिस द्वारा प्रस्तुत क्लोजर रिपोर्ट को स्वीकार कर लेती है तो विजय सिंगला इस मामले से मुक्त हो जाएंगे।