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अब खुलेगी पंजाब पुलिस के खुफिया मुख्यालय पर आरपीजी हमले की परतें

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मोहाली। पंजाब पुलिस के खुफिया मुख्यालय पर 9 मई को हुए आरपीजी हमले के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। इसके मद्देनजर अब स्टेट स्पेशल ऑपरशेन सेल (एसएसओसी) सुनील काली नाम के एक आरोपी को दिल्ली जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। पुलिस को संदेह है कि हमले में उक्त आरोपी की भूमिका रही है। काली ने मुख्य आरोपी चढ़त सिंह को ठहरने के लिए जगह मुहैया करवाने में योगदान दिया है। पुलिस ने आरोपी को वीरवार को अदालत में पेश किया और यहां से उसे पूछताछ के लिए एक दिन के रिमांड पर भेज दिया गया है।
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जानकारी के मुताबिक पंजाब पुलिस खुफिया मुख्यालय पर आरपीजी हमले के मुख्य आरोपी चढ़त सिंह को पंजाब पुलिस कुछ दिन पहले मुंबई से गिरफ्तार करके लाई थी। साथ ही उससे इस मामले में लगातार पूछताछ की जा रही थी। इसके बाद ही आरोपी सुनील काली का सुराग लगा था। बताया जा रहा है कि अब सुनील काली और चढ़त सिंह को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की जाएगी। एसएसओसी काली से यह भी पता लगाना चाहती है कि वह आखिर एक दूसरे के संपर्क में कैसे आए थे। चढ़त सिंह कनाडा स्थित लखबीर सिंह लंडा के आतंकी माड्यूल का हिस्सा था। उसने ही आरपीजी हमला किया था।
बता दें कि 9 मई को देर शाम जब पंजाब पुलिस खुफिया मुख्यालय पर आरपीजी अटैक हुआ था तो इससे कुछ देर पहले ही मुख्यालय का पूरा स्टाफ निकलकर गया था। वहां पर कोई मौजूद नहीं था। आरोपियों ने चलती कार से हमला किया था और पहले तो पुलिस इसे आतंकी हमला नहीं मान रही थी। लेकिन बाद में जांच में साफ हो गया था कि यह आतंकी हमला है। साथ ही इसमें इस्तेमाल किए गए हथियार पाकिस्तान से भेजे गए थे। इसके पीछे की कोशिश पंजाब पुलिस के जवानों का उत्साह कम करना और राज्य में अशांति फैलना थी। इस मामले में पुलिस एक चार्जशीट फाइल कर चुकी है। जल्द ही मामले में सप्लीमेंट्री चार्जशीट दायर करने की तैयारी है।
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