मोहाली। नगर निगम मोहाली अब ठेकेदार को तोलकर कूड़ा देगा। नगर निगम ने इसके लिए जल्द ही वेटिंग मशीन लगाने का निर्णय लिया है। यह वेटिंग मशीन हरेक आरएमसी पॉइंट पर लगाई जाएगी। जिसके बाद ठेकेदार को तोलकर कूड़ा दिया जाएगा और उसके बाद बचे हुए कचरे को खाद बनाकर पार्कों में भेज दिया जाएगा। जिससे आरएमसी पॉइंट एकदम साफ हो जाएगा। नगर निगम द्वारा अब आरएमसी पॉइंट में सेक्टरों का कूड़ा एकत्र किया जा रहा है और इसको ठेकेदार की कंपनी द्वारा उठाया जा रहा है। इसको सूखे और गीले के रूप में उठाया जाता है। कूड़े को ले जाने वाली कंपनी नगर निगम से 1100 रुपये प्रति टन के हिसाब से पैसा ले रही है।
अब निगम की ओर से कूड़े के वजन मापने के लिए प्रत्येक आरएमसी प्वाइंट पर इंडिया वेइंग मशीन लगाने का फैसला किया है। जिसके लिए बकायदा टेंडर जारी कर दिया गया है, क्योंकि फिलहाल ठेकेदार कंपनी निजी मापतोल वाली मशीन से कूड़े का भार कर रहा है। इसके साथ ही सेक्टर 57 स्थित सीएंडडी कूड़ा प्लांट में कूड़ा तौलने की मशीन भी लगाई जाएगी। इसके साथ ही आरएमसी प्वाइंटों पर लगी हुई मशीनरी पर भी सलाना रखरखाव के लिए नौ लाख रूप खर्च करेगी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार इसके अलावा, मोहाली निगम बागवानी कचरे (लोगों द्वारा अपने घरों में पौधों की छंटाई से उत्पन्न कचरा और रसोई के कचरे) से खाद बनाने का एक और बड़ा प्रयास कर रहा है और इस कूड़े को तबदील करने के लिए 36 लाख रुपये रखे गए हैं तो कि सिर्फ इस कार्य को करने वाले श्रमिक को ही दिए जाएंगे।
गौरतलब है कि कूड़े को लेकर माननीय हाई कोर्ट, नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल और स्थानीय निकाय विभाग के आला अधिकारियों की फटकार के बाद करीब एक माह पहले नगर निगम मोहाली ने डंपिंग ग्राउंड में कूड़ा डालना पूरी तरह से बंद कर दिया था। जो कि आज भी पूरी तरह से बंद है। जिसके चलते शहर की हालत बद से बदतर हो गई थी, साथ ही सेक्टर 71 में आरएमसी पॉइंट के साथ लगती सब्जी मंडी भी बंद करवाई गई थी।
क्या कहती हैं निगम कमिश्नर
इस मामले में नगर निगम कमिश्नर नवजोत कौर ने कहा कि मोहाली को साफ-सुथरा रखना नगर निगम की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। निगम के आरएमसी पॉइंटों को कूड़ा मुक्त रखने के लिए यह ठेका आरजी तौर पर दिया गया है और यहां कितना कूड़ा कंपनी लेकर जा रही है। इसकी जानकारी के लिए कूड़े के वजन मापने लिए मशीनें लगाई जा रही है। इसी तरह हॉर्टिकल्चर वेस्ट से खाद बनाने के लिए भी निगम द्वारा काम किया जा रहा है। इसके लिए हॉर्टिकल्चर वेस्ट फेंकने के लिए अगल सेंटर बनाया गया है जहां पर कूड़े को खाद के रूप में बदला जाएगा। इसके बाद इस खाद को मोहाली के पार्कों में इस्तेमाल किया जाएगा।