मोहाली से दिल्ली रवाना होतीं महिलाएं।
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दिल्ली में नए कृषि कानूनों को लेकर चल रहे किसान करीब 52 से अधिक दिनों से संघर्ष कर रहे हैं। 26 जनवरी को किसानों की प्रस्तावित ट्रैक्टर परेड है। इससे पहले किसानों की तरफ से सोमवार को महिला किसान दिवस मनाया जा रहा है। इसी में हिस्सा लेने के लिए पंजाब के मोहाली से काफी संख्या में महिलाओं के जत्थे दिल्ली के लिए रवाना हुए।
दिल्ली जा रही महिलाओं का कहना था कि कृषि कानून लोगों के हक में नहीं हैं, इससे किसानों का नुकसान होगा। ऐसे में अब उन्हें अपने खेत में जाने के लिए दिल्ली जाना पड़ा है। जानकारी के मुताबिक, यह किसान महिलाएं गुरजीत सिंह मामा मटौर की अगुवाई में दिल्ली के लिए रवाना हुई है।
महिलाओं का कहना था कि हम रोजाना किसानी संघर्ष की कामयाबी के लिए अरदास कर रही हैं। उन्हें बॉर्डर पर जाने का शौक नहीं है, लेकिन केंद्र सरकार उनकी सुनवाई नहीं कर रही है। ऐसे में मजबूरी में हमें अपने चूल्हे चौके छोड़कर जाना पड़ रहा है। मोहाली से रवाना होने वाली महिलाओं में सुखजीत कौर, शैली, रंजीत कोर, बलविंदर कौर, कमलजीत धीमान, गगनदीप कौर, भूपिंदर कौर प्रमुख हैं।
चंडीगढ़ आ रही है ट्रैक्टर रैली
वहीं 26 जनवरी को दिल्ली में किसानों द्वारा निकाली जानी रही ट्रैक्टर परेड के लिए मोहाली में सोमवार को एक जागरूकता ट्रैक्टर रैली निकाली जा रही है। यह ट्रैक्टर रैली कुराली से चंडीगढ़ आ रही है।
इसके लिए पुलिस पूरी तरह अलर्ट है। मुल्लांपुर बॉर्डर को सील कर दिया गया है। चंडीगढ़ पुलिस भी हालात पर नजर बनाए है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी को भी परेशानी नहीं आने दी जाएगी।