खरड़-चंडीगढ़ हाईवे पर नेशलन हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से बनाए जा रहे फ्लाईओवर का विरोध तेज हो गया है। अब दुकानदार, व्यापारी व इंडस्ट्री से जुड़े लोग भी इसके विरोध में आ गए हैं। इन लोगों ने शुक्रवार को बलौंगी स्थित पालकी रिजार्ट में बैठक की। उन्होंने बताया कि फ्लाईओवर बनने से करीब छह सौ दुकानदार व नार्थ कंट्री मॉल में काम करने वाले 1200 लोग बेरोजगार हो जाएंगे। इस दौरान उनकी दलील थी कि अब इस फ्लाईओवर की जरूरत ही नहीं है। क्योंकि एक साइड एयरपोर्ट रोड शुरू होने से ट्रैफिक सीधे ही गांव छत से होते हुए जीकरपुर पहुंचता है। जबकि दूसरी साइड बद्दी-कुराली मार्ग से चंडीगढ़ के वाहन चले जाते हैं। ऐसे में बलौंगी से फ्लाईओवर बनाने की जरूरत नहीं है। मीटिंग में नंबरदार तरलोचन सिंह व दाऊं के पूर्व पंच प्रितपाल सिंह मौजूद रहे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री व सरकारी अधिकारी यह बात कई बार कह चुके हैं कि अभी बद्दी सिसवां कुराली मार्ग को चंडीगढ़ से जोड़ते हुए दो और सड़कों का निर्माण किया जाएगा। जिससे ट्रैफिक की कमी होगी।
एयरपोर्ट रोड से ही चलता है अधिकतर ट्रैफिक
इस मौके पर चश्मेशाही के मालिक एसएस सिद्धू ने कहा कि एयरपोर्ट रोड पहले ही आठ सड़कों के माध्यम से ट्रैफिक को चंडीगढ़ से जोड़ता है। उन्होंने बताया कि अब पंजाब व चंडीगढ़ आने वाले लोग एयरपोर्ट मार्ग का प्रयोग करने में लगे हैं। यह सड़क काफी चौड़ी है।
नॉर्थ कंट्री मॉल के कारोबार पर पड़ेगा असर
जानकारी के अनुसार, बलौंगी से लेकर खरड़ तक करीब छह सौ दुकानदारों की रोजी रोटी प्रभावित होगी। सड़क के किनारे ही नार्थ कंट्री मॉल स्थित है। इसमें करीब 3500 लोग रोज शॉपिंग करने आते हैं। मॉल का निवेश एक हजार करोड़ रुपये का है। यहां पर 1200 के करीब मुलाजिम काम करते हैं। ज्यादातर आसपास के इलाकों से संबंधित हैं। फ्लाईओवर बनने से मॉल पर भी बुरा असर पड़ेगा।
सरकार पर पड़ेगा पांच सौ करोड़ का बोझ
लोगों ने बताया कि सड़क की चौड़ाई बढ़ाने के लिए सरकार पहले ही 16-16 फुट जमीन एक्वॉयर कर चुकी है। इस पर दोनों साइड सर्विस रोड बनाई जानी है। लोगों ने कहा कि फ्लाईओवर बनाए जाने की कोई जरूरत नहीं है। इससे केंद्र के खजाने पर 500 करोड़ का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।
फ्लाईओवर बनने पर रोड हो जाएगा फोर लेन
लोगों ने बताया कि खरड़-बलौंगी मार्ग पहले ही सिक्सलेन है। वहीं, जब फ्लाईओवर बनेगा तो यह फोरलेन हो जाएगा। पहले यह फ्लाईओवर सेक्टर-39 चंडीगढ़ से बनना था। लेकिन चंडीगढ़ प्रशासन ने इनकार कर दिया। अब यह फेज-6 यह तक बनाया जा रहा है।
मीटिंग में यह लोग मौजूद रहे
मीटिंग में माता साहिब कौर कॉलेज ऑफ नर्सिंग के मालिक चरनजीत सिंह वालिया, नॉर्थ कंट्री मॉल के कर्नल हर्ष सचदेव, चावला पेट्रोल पंप के जीएस चावला, पालकी बैकवेंट हॉल के रमन कुमार, एकेएम फार्म के अनिल सिंगला, बाजवा डेवलपर के जरनैल सिंह बाजवा, रिखी फार्म के सतीश अग्रवाल, टीडीआई दीपक नैय्यर, पंजाब कोल्ड स्टोर के शशि अग्रवाल व बलौंगी के डॉ. वकील जौली, करनैल सिंह, जसप्रीत सिंह, दलविंदर सिंह सैनी, जसवीर सिंह, प्रितपाल सिंह, लाभ सिंह, तेजिंदर सिंह, अमरजीत सिंह के अलावा गांव दाऊं, बल्लोमाजरा, बड़माजरा, जुझार नगर, बलौंगी, रायपुर आदि के पंच व सरपंच मौजूद रहे।