जीरकपुर। जीरकपुर से राजपुरा को जाने वाले 28 किलोमीटर लंबे राजमार्ग पर गांव अजीजपुर के पास टोल तो वसूला जा रहा है पर सुविधाओं के नाम पर लोगों को अब तक कुछ नहीं मिल रहा है। हां, देश में फास्टैग लागू होने के बाद यातायात सुगम जरूर हो गया है।
प्रतिदिन लाखो रुपयों की आमदन के बावजूद टोल वसूलने वाली कंपनी लोगों को उपलब्ध करवाई जाने वाली सुविधाओं की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रही। जीरकपुर क्षेत्र में पड़ने वाले लगभग 7 किमी राजमार्ग पर कहीं भी यात्री सुविधाएं मुकम्मल नहीं हैं। टोल रोड पर हादसों की स्थिति में भी प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाएं देना भी टोल कंपनी का काम है, पर यहां इसका भी पालन नहीं हो रहा है। यह सब तो दूर की बात, यहां पर पिछले एक सप्ताह से स्ट्रीट लाइट्स बंद पड़ी हैं और लोग अंधेरे में सफर करने को मजबूर हैं पर इसे ठीक नहीं करवाया जा रहा है।
अजीजपुर टोल रोड पर अभी संबंधित बहुत से कार्य अधूरे हैं। जैसे कि अभी तक टोल रोड पर लगी स्ट्रीट लाइट्स केवल तीन किलोमीटर एरिया तक ही लगी हैं पर ये भी एक हफ्ते से बंद पड़ी हैं। टोल प्लाजा पर 15 जनवरी से फास्टैग वाली लेन में घुसे बिना फास्टैग के वाहनों से दोगुना टैक्स वसूलना शुरू होने जा रहा है। वहीं नियम है कि जब तक टोल प्लाजा पूरी सुविधा मुहैया नहीं करवाता, तब तक उसे टोल टैक्स वसूलने का अधिकार नहीं है। अब जब यहां सुविधा पूरी नहीं है तो ऐसे में टोल टैक्स वसूला जाना नियम के विरुद्ध है।
टोल कंपनी के मैनेजर चंद्रपाल से सुविधाओं के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि उनका ठेका आज ही खत्म हुआ है और अब इसके बारे में नई कंपनी ही कुछ बता सकती है।
इंडियन रोड कांग्रेस (आईआरसी) के दिशा-निर्देश में साफ कहा गया है कि शहरी क्षेत्र से होकर निकलने वाली सड़क या हाईवे को गड्ढामुक्त रखा जाए। हाईवे पर अवैध कट न हों। स्ट्रीट लाइट लगी हो। यही नहीं, जहां पानी भरता है, वहां जल निकासी का समुचित इंतजाम हो ताकि वाहन चालकों या पैदल चलने वालों को परेशानी न हो।
कोट्स
स्ट्रीट लाइट्स की सप्लाई में तकनीकी खराबी आ गई है। इसे ठीक करने के लिए अधिकारियों की टीम लगी हुई है। कल से स्ट्रीट लाइट्स पहले की तरह जलने लगेंगी। -लवलीन सिंह, एसडीओ, लोक निर्माण विभाग, पंजाब।