मोहाली। जिले के गांवों को स्मार्ट विलेज बनाने के लिए 1140 विकास योजना पर काम शुरू हो गया है। वहीं शहरों के सुधार के लिए 63 विकास योजनाओं की शुरूआत कर दी गई है। इन योजनाओं पर 62 करोड़ से अधिक खर्च भी हो चुका है। जिले में स्मार्ट विलेज बनाने के लिए 322 योजनाओं की शुरूआत होनी अभी बाकी है। मोहाली शहर में भी 24 विकास योजनाओं की शुरूआत अभी तक नहीं हुई है।
स्मार्ट विलेज योजना के दूसरे चरण में 103 करोड़ रुपये की लागत से 1462 विकास कार्यों को मंजूरी दी गई थी। इसमें से 1140 विकास कार्यों पर काम शुरू हो गया है। वहीं, अर्बन इंप्रूवमेंट प्रोग्राम के चूसरे चरण में मोहाली शहर में 30 करोड़ 55 लाख की लागत से 87 विकास योजनाओं को हरी झंडी मिली थी। इनमें से 63 कार्यों की शुरूआत हो चुकी है। जिन पर अभी तक 4 करोड़ 40 लाख का खर्चा हो चुका है।
वीरवार को एडीसी आशिका जैन ने विकास योजनाओं की समीक्षा को लेकर हुई बैठक की अध्यक्षता की। एडीसी आशिका जैन ने समीक्षा के बाद यह बात कही। इस बैठक में एडीसी, विकास, राजीव गुप्ता और नगर निगम कमिश्नर डॉ. कमल गर्ग भी मौजूद थे। इस मौके पर एडीसी जैन ने बताया कि जिले में 5525 लोगों के यूआईडी कार्ड भी बना दिए गए हैं। उन्होंने अधिकारियों को योग्य लाभार्थियों की तलाश कर यूूआईडी कार्ड बनाने के काम में तेजी लाने के लिए कहा। एडीसी ने सभी अधिकारियों को विकास कार्यों में तेजी लाने की हिदायत दी। साथ ही दिव्यांग जनों के विशेष पहचान पत्र जारी करने की हिदायत दी। इसके लिए व्यापक प्रचार प्रसार करने के लिए कहा गया। जिससे दिव्यांग जन इन विशेष पहचान पत्र के जरिए सरकारी सुविधाओं को लाभ उठा सकें।
ग्रामीण क्षेत्रों में चल रही स्मार्ट विलेज योजना
ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए स्मार्ट विलेज योजना चल रही है। जिसके दूसरे चरण में जिले के गांवों को स्मार्ट बनाने के लिए सीवरेज सिस्टम, तालाबों का सौंदर्यीकरण, सामुदायिक केंद्र, ग्राम सभा हाल, धर्मशाला, स्ट्रीट लाइट, गांव के प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे, बस शैल्टर, शमशान घाट और कब्रिस्तान, पीने के पानी की सप्लाई, सामुदायिक लाइब्रेरी, कूड़ा निस्तारण, स्कूल, सिविल डिस्पेंसरी जैसे काम होने हैं।
पंजाब अर्बन इंवायरमेंट प्रोग्राम के दूसरे चरण में मोहाली जिले के शहरी इलाकों में ढांचागत विकास, शहरी आबादी तक सुविधाओं को पहुंचाना, वाटर सप्लाई, सीवरेज, जल निकासी सहित कई तरह के कार्य इस योजना के तहत होने मंजूर हुए हैं।