डेराबस्सी। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंदर सिंह की ओर से पंजाब में कर्फ्यू लगाने की घोषणा के बाद डेराबस्सी पुलिस पूरी तरह से सख्त हो गई है। इससे पहले पुलिस की ओर से काफी ढ़िलाई बरती जा रही थी।
इस ढ़ील के कारण मुख्य बाजार व अन्य जगहों पर जहां दुकानें खुली थीं, वहीं कुछ फैक्ट्रियों के प्रबंधकों ने कर्मी बुलाए हुए थे। कर्फ्यू की जानकारी मिलने के बाद प्रबंधकों ने फैक्ट्रियों को बंद कर दिया। पुलिस ने फ्लैग मार्च निकालते हुए शहर को चारों ओर से सील कर दिया। इस दौरान लोगों को अपने घरों में पहुंचने के लिए परेशानी का सामना करना पड़ा। कर्फ्यू के दौरान बाज न आने वालों लोगों पर पुलिस ने सख्ती बरती व कुछ लोगों की पुलिस ने परेड भी की।
जानकारी के अनुसार राज्य में पहले लॉक डाउन घोषित किया था। इसके बाद सोमवार को मुख्यमंत्री ने पूर्ण तौर पर कर्फ्यू की घोषणा कर दी।
पुलिस से उलझे लोग
पुलिस ने बरवाला मार्ग, मुबारिकपुर सड़क, मुख्य मार्ग पर स्थित फ्लाईओवर के नीचे वाली सड़क को बैरिकेड लगाकर बंद कर दिया। इस दौरान नाकों पर भीड़ एकत्रित होना शुरू हो गई। लोग शहर में दाखिल होने के लिए पुलिस के साथ उलझते हुए दिखाई दिए। शहर वासियों ने आरोप लगाया कि पुलिस उनको जरूरी काम करने के लिए भी जाने नहीं दे रही थी। इसके अलावा कुछ लोगों ने कहा कि पुलिस उनको अपने घरों में भी जाने से रोक रही है।
सब्जी मंडी भी बंद करवाई
पुलिस ने शहर में फ्लैग मार्च निकालते हुए रिहायशी क्षेत्र में खुली दुकानों को बंद करवा दिया। प्रशासन ने पहले मुख्यमार्ग पर स्थित सब्जी मंडी को खुलने की इजाजत दी हुई थी। लेकिन सब्जी मंडी में भारी भीड़ जमा हो गई। इसे देखते हुए पुलिस ने सब्जी मंडी को भी बंद करवा दिया। इस संबंधी थाना प्रभारी सहायक इंस्पेक्टर सतिंद्र सिंह ने कहा कि कर्फ्यू को सख्ती के साथ लागू किया गया है। अगर किसी ने इसका उल्लंघन किया तो उसके खिलाफ डीसी के आदेशों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
शराब के ठेके रहे खुले
मुख्यमंत्री की ओर से जहां पूरे राज्य में कर्फ्यू की घोषणा की गई थी, वहीं इसका असर शराब के ठेकों पर नहीं पड़ा। सोमवार को भी सारा दिन शराब के ठेके खुले रहे। इन ठेकों को बंद करवाने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों ने कोई कदम नहीं उठाया।