चप्पड़चिड़ी में 300 साला समागम रहा ऐतिहासिक
नगर निगम कमिश्नर और डिप्टी मेयर के बीच चल रहा विवाद गहरा गया है। दोनों गुटों ने एक दूसरे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। शुक्रवार को कमिश्नर द्वारा डिप्टी मेयर व अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस को दी गई शिकायत के बाद शनिवार को डिप्टी मेयर ने भी कमिश्नर और सुपरिंटेंडेंट मनोज कुमार के खिलाफ पुलिस में शिकायत दी है। डिप्टी मेयर ने मांग की है कि दोनों पर केस दर्ज किया जाए। उन्होंने सार्वजनिक तौर पर उनके नाम को बदनाम किया है, जबकि उनके पास कोई ठोस सबूत नहीं है। उन्होंने दोनों के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज करने की तैयारी की है।
पुलिस को दी शिकायत में डिप्टी मेयर ने कहा है कि सुपरिंटेंडेंट और कमिश्नर ने साजिश के तहत सार्वजनिक तौर पर उन्हें बदनाम किया है। क्योंकि कुछ दिन पहले ही उनकी तरफ से कमिश्नर को एक कानूनी नोटिस भेजा गया था। सोमवार को इसका समय खत्म हो गया था। लेकिन कश्मिनर ने अभी तक उसका जवाब नहीं दिया है। सेठी ने बताया कि नगर निगम के सुपरिंटेंडेंट भीमसेन ने घरेलू कारणों से तंग होकर कुछ समय पहले इस्तीफा दे दिया था। जबकि कमिश्नर ने अपनी रिपोर्ट में कहा था कि भीमसेन ने डिप्टी मेयर के लताड़े जाने के बाद इस्तीफा दिया है। उन्होंने कहा कि उनकी तरफ से दिए गए कानूनी नोटिस से तंग होकर कमिश्नर ने रेहड़ियां लगवाने वालों की लिस्ट में सबसे ऊपर उनका नाम रखकर बदनाम करने की कोशिश की है। उन्होंने बताया कि दोनों अधिकारियों के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज करवाने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए वह कानूनी राय ले रहे हैं।
यह है मामला
नगर निगम की तीन महीने बाद शुक्रवार को हुई मीटिंग में उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया, जब मेयर के आदेश पर निगम की अफसर ने रेहड़ी फड़ी लगवाने वालों के नामों में सबसे पहले डिप्टी मेयर मनजीत सिंह सेठी का नाम लिया। यह सुनते ही डिप्टी मेयर भड़क गए। साथ ही निगम कमिश्नर से बहसबाजी और निगम सुपरिंटेंडेंट को पकड़कर पर स्टेज पर ले आए। उन्होंने इस दौरान दोनों अधिकारियों के खिलाफ असंसदीय भाषा का प्रयोग किया और संगीन आरोप लगाए थे। इसी बीच उनके समर्थक सीधे मंच पर पहुंच गए। साथ ही सुपरिंटेंडेंट से हाथापाई करने लगे। काफी समय तक वहां पर मौजूद अफसर व पार्षद उन्हें शांत करते रहे। माहौल खराब होता देख कमिश्नर बीच में ही मीटिंग को छोड़कर चले गए। साथ ही उन्होंने डिप्टी मेयर व अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस को शिकायत दी थी। साथ ही इस संबंध में रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजी है।